दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली ने कैबिनेट बैठकों के सीधे प्रसारण बंद करने का फिर किया विरोध
IANS
- 18 Oct 2026, 08:12 PM
- Updated: 08:12 PM
सियोल, 18 अक्टूबर (आईएएनएस)। दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे म्युंग ने रविवार को कैबिनेट बैठकों का सीधा प्रसारण बंद करने के विरोध में अपना रुख दोहराया। उन्होंने कहा कि बैठकों के दौरान रखे जाने वाले सभी विचारों के प्रति वह खुले हैं। ली की यह टिप्पणी उनके सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर कुछ दिन पहले किए गए पोस्ट के बाद आई है। उन्होंने कहा था कि सीधे प्रसारण बंद करने की जरूरत से वह सहमत नहीं हैं। साथ ही, कैबिनेट सदस्यों की ओर से प्रसारण बंद करने की मांग किए जाने संबंधी हालिया खबर को उन्होंने ‘झूठा दावा’ बताया था।
राष्ट्रपति ने एक्स पर लिखा, ‘यह समझना मुश्किल है कि वे यह झूठ बोलकर कैबिनेट बैठकों के कुछ हिस्सों को सार्वजनिक करने का विरोध क्यों कर रहे हैं कि बैठकें सार्वजनिक होने के कारण कैबिनेट सदस्य अपनी बात नहीं रख पाते।’ योनहाप समाचार एजेंसी के अनुसार, उन्होंने ऐसी मांगों का विरोध करने वाला एक यूट्यूब प्रसारण भी साझा किया। इसमें ऐसे उदाहरण दिए गए थे, जिनमें ली ने बैठकों के दौरान कैबिनेट सदस्यों की असहमति वाली राय को स्वीकार किया था।
ली ने कहा, ‘मैंने शासन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर अलग-अलग विचार सुनने के लिए जानबूझकर प्रतिभागियों की संख्या काफी बढ़ाई है।’ उन्होंने कहा कि उन्हें हमेशा बहस पसंद रही है और वह विशेष रूप से उन लोगों का सम्मान करते हैं, जो उनसे असहमत विचार रखते हैं। उन्होंने कहा कि किसी संगठन के भीतर समस्याओं को रोकने के लिए वह हमेशा असहमति रखने वाले लोगों की भूमिका पर जोर देते रहे हैं।
गुरुवार को दक्षिण कोरिया के प्रधानमंत्री कार्यालय ने उस खबर का खंडन किया, जिसमें कहा गया था कि सरकार के कुछ सदस्यों ने कैबिनेट बैठकों के सीधे प्रसारण के दौरान राष्ट्रपति की बातों पर असहमति जताने में कठिनाई होने की शिकायत की है।
दैनिक समाचार पत्र ‘हांकूक इल्बो’ ने खबर दी थी कि इस महीने की शुरुआत में प्रधानमंत्री हान सियोंग-सुक के साथ रात्रिभोज के दौरान करीब 10 मंत्रियों ने ऐसी शिकायतें की थीं। उन्होंने स्वस्थ नीतिगत बहस को बढ़ावा देने के लिए कैबिनेट बैठकों के सीधे प्रसारण को सीमित करने की मांग भी की थी।
प्रधानमंत्री कार्यालय ने इस खबर का खंडन करते हुए कहा, ‘सरकार इतिहास में पहली बार कैबिनेट बैठकों की चर्चाओं का सीधा प्रसारण कर रही है। इसका उद्देश्य शासन के कामकाज को पारदर्शी तरीके से जनता के सामने रखना और सरकारी नीतियों में लोगों की राय को सक्रिय रूप से शामिल करना है।’ कार्यालय ने कहा कि कैबिनेट बैठकों में चर्चा के एजेंडे पर सदस्य स्वतंत्र रूप से अपने विचार रखते हैं और राष्ट्रपति उन्हें सक्रिय रूप से स्वीकार करते हैं।