बारबोरा क्रेजिसिकोवा बनी विम्बलडन चैम्पियन, दूसरी ग्रैंडस्लैम ट्रॉफी जीती
एपी नमिता आनन्द
- 13 Jul 2024, 10:19 PM
- Updated: 10:19 PM
लंदन, 13 जुलाई (एपी) चेक गणराज्य की बारबोरा क्रेजिसिकोवा ने शनिवार को यहां महिला एकल फाइनल में जैस्मीन पाओलिनी को हराकर विम्बलडन खिताब अपने नाम की और अपनी दूसरी ग्रैंडस्लैम ट्रॉफी जीती।
तीन साल पहले क्रेजिसिकोवा ने 2021 में फ्रेंच ओपन में पहला ग्रैंडस्लैम खिताब जीता था। तब इस 28 साल की खिलाड़ी को वरीयता नहीं मिली थी। इस सत्र में पीठ की चोट के कारण आल इंग्लैंड क्लब में भी वह 32 वरीयता प्राप्त खिलाड़ियों में 31वें नंबर पर थीं।
क्रेजिसिकोवा ने आल इंग्लैंड के क्लब पर फाइनल में पाओलिनी पर 6-2, 2-6, 6-4 की जीत से अप्रत्याशित जीत दर्ज की।
उन्होंने अपनी मेंटोर (दिवंगत) 1998 विम्बलडन चैम्पियन जाना नोवोत्ना का धन्यवाद किया जिन्होंने उन्हें पेशेवर टेनिस में आने के लिए प्रेरित किया था। क्रेजिसिकोवा ने कहा, ‘‘अभी जो हुआ यह अवास्तविक है, निश्चित रूप से मेरे टेनिस करियर का सर्वश्रेष्ठ दिन और मेरी जिंदगी का भी सर्वश्रेष्ठ दिन। ’’
अपनी चैम्पियन प्लेट पकड़ते हुए क्रेजिसिकोवा ने खुद को भाग्यशाली करार दिया कि वह पिछले महीने फ्रेंच ओपन में उप विजेता रहीं सातवीं वरीयता प्राप्त पाओलिनी को पराजित करने में सफल रहीं।
टूर्नामेंट के पिछले आठ चरण से नयी महिला चैम्पियन निकली हैं और तब से क्रेजिसिकोवा विम्बलडन चैम्पियन बनने वाली आठवीं महिला खिलाड़ी हैं।
पिछले साल का खिताब भी चेक गणराज्य की ही खिलाड़ी के नाम रहा था जो गैर वरीय मार्केटा वोंद्रोयूसोवा थीं जो पिछले हफ्ते यहां पहले दौर में हार गयी थीं।
पाओलिनी 2016 में सेरेना विलिम्यस के बाद एक ही सत्र रोलां गैरों और विम्बलडन के फाइनल में पहुंचने वाली पहली महिला खिलाड़ी हैं।
शांत चित्त होकर खेलते हुए क्रेजिसिकोवा ने पहले 11 में से 10 प्वाइंट हासिल करते हुए जल्द ही 5-1 बढ़त बना ली।
दर्शक पाओलिनी का उत्साहवर्धन कर रहे थे। लेकिन क्रेजिसिकोवा डगमगाई नहीं।
सेंटर कोर्ट की भीड़ में अभिनेता टॉम क्रूज, केट बेकिंसले और ह्यूग जैकमैन शामिल थे।
पाओलिनी वापसी की कोशिश की लेकिन वह क्रेजिसिकोवा को परेशान नहीं कर सकीं
पहला सेट गंवाने के बाद पाओलिनी लॉकर रूम गयीं और आते ही अलग खिलाड़ी दिखीं।
उन्होंने क्रेजिकोवा दूसरे सेट की शुरुआत शानदार तरीके से की और 3-0 की बढ़त हासिल की और इसे जीत लिया।
जब मैच 1-1 की बराबरी पर था तो क्रेजिसिकोवा ने खुद प्रेरित किया।
दूसरे सेट में उन्होंने सिर्फ चार विनर लगाये थे लेकिन तीसरे सेट में 14 विनर लगाने में सफल रहीं।
क्रेजिकोवा ने कहा, ‘‘मैं बस खुद को साहसिक बनने के लिए कह रही थी। ’’
निर्णायक सेट में 3-3 की बराबरी पर पाओलिनी ने सिर्फ एक डबल फॉल्ट किया। इसके बाद क्रेजिसिकोवा 5-3 के स्कोर से शिकंजा कसे रखा।
अंत में उन्हें दो ब्रेक प्वाइंट बचाने की जरूरत थी और खिताब जीतने के लिए तीन मैच प्वाइंट की जरूरत थी। पाओलिनी बैकहैंड से चूक गई और क्रेजिसिकोवा ने खिताब जीत लिया।
एपी नमिता आनन्द