भारतीय अर्थव्यवस्था की नींव की मजबूती दर्शाती है 7.7 प्रतिशत की वृद्धि दरः प्रधानमंत्री मोदी
सुभाष
- 05 Jun 2026, 11:43 PM
- Updated: 11:43 PM
दमन, पांच जून (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 के लिए सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की 7.7 प्रतिशत की वृद्धि दर यह दर्शाती है कि भारत की अर्थव्यवस्था की नींव बेहद मजबूत है।
इसके साथ ही प्रधानमंत्री मोदी ने भरोसा जताया कि देश अपने 140 करोड़ नागरिकों के सामूहिक प्रयासों के दम पर मौजूदा वैश्विक उथल-पुथल के बीच भी खुद को संभालने में पूरी तरह सक्षम है।
उन्होंने कहा कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ने वाली प्रमुख अर्थव्यवस्था है।
मोदी ने शुक्रवार को जारी किये गए आंकड़ों का उल्लेख करते हुए कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 में भारत की जीडीपी वृद्धि 7.7 प्रतिशत रही, जबकि जनवरी-मार्च तिमाही में यह 7.8 प्रतिशत दर्ज की गई।
उन्होंने कहा, ''आज जो आंकड़े सामने आए हैं, वे साफ करते हैं कि भारत की अर्थव्यवस्था की नींव कितनी मजबूत है।''
प्रधानमंत्री मोदी ने केंद्रशासित प्रदेश दमन में 2,970 करोड़ रुपये की विभिन्न विकास परियोजनाओं के शिलान्यास और हवाई अड्डे के नए टर्मिनल के उद्घाटन के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम में यह बात कही।
उन्होंने जनसभा को संबोधित करते हुए कहा, "मेरे सामने आए आंकड़े मेरे वास्तव में बेहद खुशी देने वाले हैं। मैं इस खुशी को आपके साथ भी साझा करना चाहता हूं।"
प्रधानमंत्री ने पश्चिम एशिया में पिछले तीन महीनों से अधिक समय से जारी संघर्ष और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति में व्यवधान का हवाला देते हुए कहा कि वैश्विक संकट के इस कठिन दौर में भी भारत अपने 140 करोड़ नागरिकों के सामूहिक प्रयासों से खुद को बेहतर तरीके से संभाल रहा है।
उन्होंने कहा कि देश में जारी सुधारों, विकसित किये जा रहे बुनियादी ढांचे और सभी स्तरों पर गरीबों के कल्याण के लिए किए जा रहे कार्यों के परिणामस्वरूप देश प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में सबसे तेजी से प्रगति करने वाला देश बन गया है।
मोदी ने कहा, "मैं देशवासियों को आश्वस्त करता हूं कि वैश्विक संकट के बावजूद, भारत सुधार, प्रदर्शन और परिवर्तन के पथ पर उसी दृढ़ संकल्प के साथ तेजी से आगे बढ़ता रहेगा। यह देश की जनता के प्रति मेरी गारंटी है।
उन्होंने रेखांकित किया कि उनकी सरकार के लिए विकास महत्वपूर्ण है, लेकिन यह भी उतना ही महत्वपूर्ण है कि ऐसा विकास मॉडल टिकाऊ हो।
मोदी ने कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार के लिए विकास की पहली कसौटी गरीबों, आदिवासियों और मध्यम वर्ग के लोगों के जीवन में बदलाव लाना है, और इसके लिए स्वास्थ्य क्षेत्र उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता बनी हुई है।
उन्होंने स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधार का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2014 से पहले देश में केवल 60 प्रतिशत बच्चों का पूर्ण टीकाकरण हो पाता था लेकिन आज यह आंकड़ा लगभग 90 प्रतिशत तक पहुंच गया है।
उन्होंने संस्थागत प्रसव में सुधार का उल्लेख करते हुए कहा कि अब देश में 90 प्रतिशत से अधिक बच्चों का जन्म अस्पतालों में हो रहा है।
मोदी ने कहा कि दादरा और नगर हवेली, दमन और दीव केंद्र शासित प्रदेश भारत की पहचान और विरासत है, और सरकार इसके विकास पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
उन्होंने कहा कि केंद्र शासित प्रदेश, सिंगापुर की तरह विकसित होने का सपना देख रहा है, और नमो हवाई अड्डे, दमनगंगा नदी पर बना पुल और कन्वेंशन सेंटर जैसी बुनियादी ढांचा परियोजनाएं इसके भविष्य के बारे में एक नए दृष्टिकोण की नींव रखेंगी।
मोदी ने कहा, ''यहां आतिथ्य सत्कार अर्थव्यवस्था से अपार अवसर मिलेंगे। इस क्षेत्र में समुद्री अर्थव्यवस्था के लिए हमने जो परिकल्पना तैयार की है, वह भी उच्च तकनीक वाले बुनियादी ढांचे की मदद से साकार होगी।''
उन्होंने कहा कि दमन में शिक्षा क्षेत्र में भी सुधार हुए हैं और लड़कियों को शिक्षा जारी रखने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए कई प्रयास किए जा रहे हैं।
मोदी ने दमन और दीव के लिए 2,970 करोड़ रुपये की लागत वाली विभिन्न विकास परियोजनाओं का उद्घाटन व शिलान्यास किया।
मोदी द्वारा स्वास्थ्य सेवा, नागरिक उड्डयन, पर्यटन, बुनियादी ढांचा, संपर्क और जन कल्याण क्षेत्र से जुड़ी परियोजनाएं राष्ट्र को समर्पित की गईं, जिनमें नमो हवाई अड्डे का एक नया टर्मिनल भवन, नमो अस्पताल, एक अहम पुल, दमन कन्वेंशन सेंटर और दमन में निफ्ट (राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान) परिसर शामिल हैं।
मोदी ने लक्षद्वीप केंद्र शासित प्रदेश के लिए 885 करोड़ रुपये की लागत वाली महत्वपूर्ण परियोजनाओं की आधारशिला भी रखी। इन परियोजनाओं में कलपेनी और कदमत द्वीपों के पूर्वी और पश्चिमी किनारों पर बंदरगाह सुविधाओं का विकास शामिल है।
भाषा धीरज सुभाष
सुभाष
0506 2343 दमन