महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव से नाम वापस लेने के लिए भाजपा 'करोड़ों रुपये' की पेशकश कर रही: कांग्रेस
पवनेश
- 04 Jun 2026, 07:56 PM
- Updated: 07:56 PM
मुंबई, चार जून (भाषा) कांग्रेस ने बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि महाराष्ट्र में भाजपा नीत सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन विपक्षी उम्मीदवारों को 18 जून को होने वाले विधान परिषद चुनावों से हटने के लिए ''करोड़ों रुपये'' की पेशकश कर रहा है।
विदर्भ क्षेत्र के बुलढाणा में पत्रकारों से बातचीत करते हुए, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष हर्षवर्धन सपकाल ने दावा किया कि सत्ता में होने के बावजूद, भाजपा अधिक राजनीतिक नियंत्रण हासिल करने के लिए लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर कर रही है।
उन्होंने आरोप लगाया, ''भाजपा चुनाव प्रणाली नहीं, बल्कि मनोनयन प्रणाली चाहती है। विपक्षी उम्मीदवारों को करोड़ों रुपये की पेशकश की जा रही है ताकि वे अपना नामांकन वापस ले लें और विधान परिषद चुनाव निर्विरोध कराये जा सकें।''
सपकाल ने दावा किया कि सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन ने विपक्षी उम्मीदवारों पर चुनाव से हटने के लिए दबाव डालने के वास्ते सत्ता और वित्तीय प्रलोभन का इस्तेमाल किया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि 17 सीटों के चुनाव परिणामों को प्रभावित करने के वास्ते धन वितरित किया जा रहा और राजनीतिक पैंतरेबाजी की जा रही।
प्रदेश कांग्रेस प्रमुख ने कहा, ''चुनाव लोकतंत्र का उत्सव है और यह निष्पक्ष तरीके से होना चाहिए। हालांकि, भाजपा की सत्ता की बढ़ती भूख और राजनीतिक अहंकार इन चुनावों के प्रति उसके रवैये में साफ झलक रहा है।''
उन्होंने भाजपा पर खरीद-फरोख्त करने का आरोप लगाते हुए इसे लोकतंत्र के लिए एक ''काला अध्याय'' बताया।
इस बीच, कांग्रेस सूत्रों ने बताया कि जिन नौ सीटों पर पार्टी ने उम्मीदवार उतारे हैं, उनमें से चार निर्वाचन क्षेत्रों -- चंद्रपुर-गडचिरोली-वर्धा, भंडारा-गोंदिया, यवतमाल और अहिल्यानगर -- के उम्मीदवारों ने चुनाव लड़ने से मना कर दिया है।
उन्होंने बताया कि सोलापुर में कांग्रेस उम्मीदवार का नामांकन खारिज कर दिया गया है और पार्टी भंडारा-गोंदिया में निर्दलीय उम्मीदवार नरेश ईश्वरकर का समर्थन कर रही है।
नागपुर के अलावा नांदेड़, अमरावती, उस्मानाबाद-लातूर-बीड में कांग्रेस उम्मीदवार चुनाव मैदान में डटे हुए हैं।
नागपुर में पार्टी उम्मीदवार अतुल लोंढे उपचुनाव लड़ रहे हैं।
विपक्षी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार) ने कहा कि पुणे और ठाणे सीटों से उसके उम्मीदवारों ने अपना नामांकन वापस ले लिया है, जबकि सतारा-सांगली और सोलापुर निर्वाचन क्षेत्रों में उम्मीदवार अभी भी दौड़ में बने हुए हैं।
शिवसेना (उबाठा) नेता अनिल परब ने कहा कि रायगढ़-रत्नागिरी-सिंधुदुर्ग और छत्रपति संभाजीनगर-जालना सीटों से पार्टी के उम्मीदवारों ने अपना नामांकन वापस ले लिया है।
पूर्व मंत्री ने कहा, ''हमने नासिक में उम्मीदवार नहीं उतारा है, जबकि हम नांदेड़ में एक निर्दलीय उम्मीदवार का समर्थन कर रहे हैं।''
विधान परिषद के लिए स्थानीय स्वशासन निकाय कोटे से 16 सीटों के लिए, और नागपुर के स्थानीय निकाय निर्वाचन क्षेत्र कोटे से विधान परिषद उपचुनाव के लिए नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि 4 जून है। मतगणना 22 जून को होगी।
भाषा सुभाष पवनेश
पवनेश
0406 1956 मुंबई