अब्दुल्ला से मुलाकात के बाद ममता ने केंद्र से जम्मू कश्मीर में सुरक्षा सुनिश्चित करने का आग्रह किया
शफीक माधव
- 10 Jul 2025, 06:59 PM
- Updated: 06:59 PM
(तस्वीरों के साथ)
कोलकाता, 10 जुलाई (भाषा) पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बृहस्पतिवार को केंद्र से जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तत्काल कदम उठाने का अनुरोध किया और कहा कि इस क्षेत्र में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए यह आवश्यक है।
बनर्जी ने यहां राज्य सचिवालय में जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के साथ बैठक के बाद यह बात कही। 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद दोनों मुख्यमंत्रियों के बीच यह पहली बातचीत थी। इस हमले में 26 लोग मारे गए थे।
बैठक के बाद बनर्जी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘केंद्र को सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने चाहिए ताकि अधिक से अधिक पर्यटक कश्मीर घूमने जा सकें। उसे क्षेत्र में सीमा सुरक्षा को भी मजबूत करना चाहिए।’’
उन्होंने कहा कि कश्मीर समृद्ध सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक सौंदर्य की भूमि है और वहां जाने से डरना नहीं चाहिए।
बनर्जी ने कहा, ‘‘हमारे पर्यटकों को कश्मीर जाना चाहिए; डरने की कोई बात नहीं है। भारत सरकार को भी यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने चाहिए कि ज्यादा से ज्यादा लोग वहां जा सकें। सीमा सुरक्षा केंद्र के अधीन है, इसलिए उसे जरूरी कदम उठाने चाहिए। जरूरत पड़ने पर उन्हें उमर अब्दुल्ला से बात करनी चाहिए और उचित व्यवस्था करनी चाहिए।’’
मुख्यमंत्री बनर्जी ने जम्मू-कश्मीर के लोगों के साथ एकजुटता प्रदर्शित की। उन्होंने कहा, ‘‘वह (उमर) पहलगाम में हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना के बाद यहां आए और मुझे आमंत्रित किया। मैंने निमंत्रण स्वीकार कर लिया है। मैं पूजा के बाद (जम्मू-कश्मीर) जाने की कोशिश करूंगी।’’
बनर्जी के साथ मीडिया को संबोधित करते हुए अब्दुल्ला ने आतंकवादी हमलों के बाद समर्थन देने के लिए पश्चिम बंगाल सरकार का धन्यवाद किया।
उमर अब्दुल्ला ने कहा, ‘‘पहलगाम हमले और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद, दीदी (ममता बनर्जी) ने प्रभावित परिवारों से मिलने और जरूरी मदद मुहैया कराने के लिए पुंछ और राजौरी में एक टीम भेजी थी। मैं उनका आभारी हूं।’’
उन्होंने दोनों राज्यों के बीच मजबूत संबंधों की अपनी इच्छा दोहराई।
मुख्यमंत्री उमर ने कहा, ‘‘मैं दीदी को जम्मू-कश्मीर आने का निमंत्रण देना चाहता हूं। मैं चाहता हूं कि बंगाल और जम्मू-कश्मीर व्यापार, पर्यटन और संबंधों की बेहतरी के लिए मिलकर काम करें। बंगाल के पर्यटकों को हर जरूरी सहायता और सुरक्षा प्रदान करना हमारा कर्तव्य है।’’
बैठक के दौरान दोनों नेताओं ने जम्मू-कश्मीर और पश्चिम बंगाल के बीच, विशेष रूप से उद्योग और पर्यटन के क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा की।
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री का कोलकाता दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब उनके प्रशासन द्वारा केंद्र शासित प्रदेश में पर्यटन और निवेश को बढ़ावा देने के लिए नए सिरे से प्रयास किए जा रहे हैं, जो हाल के आतंकवादी हमलों के बाद सुरक्षा चुनौतियों से जूझ रहा है।
भाषा शफीक