कांग्रेस के पूर्व सांसद मोहिंदर सिंह केपी शिअद में शामिल
धीरज रंजन
- 22 Apr 2024, 07:32 PM
- Updated: 07:32 PM
चंडीगढ़, 22 अप्रैल (भाषा) कांग्रेस की पंजाब इकाई के पूर्व अध्यक्ष एवं पूर्व सांसद मोहिंदर सिंह केपी सोमवार को शिरोमणि अकाली दल (शिअद) में शामिल हो गए, शिअद ने उन्हें जालंधर (अनुसूचित जाति) से अपना उम्मीदवार भी घोषित कर दिया है।
कांग्रेस के लिए गत दो दिन में यह दूसरा झटका है। इससे पहले दिवंगत कांग्रेस सांसद संतोख चौधरी की पत्नी करमजीत कौर और उसके राष्ट्रीय महासचिव रहे तजिंदर सिंह बिट्टू भी दिल्ली में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) में शामिल हो गये थें।
शिअद अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल, मोहिंदर को पार्टी में शामिल कराने के लिए जालंधर स्थित उनके आवास पर गए। बादल ने इस अवसर पर जालंधर (सुरक्षित) लोकसभा सीट से केपी को शिअद उम्मीदवार बनाने की भी घोषणा की।
बादल ने कहा, ‘‘मैं कांग्रेस की पंजाब इकाई के पूर्व अध्यक्ष और पूर्व सांसद मोहिंदर सिंह केपी का शिरोमणि अकाली दल में हार्दिक स्वागत करता हूं। केपी जी तीन बार के विधायक भी हैं।वह एक ईमानदार व्यक्ति के रूप में जाने जाते हैं, जिन्होंने नागरिक समाज के साथ-साथ दलित समाज में भी बहुत बड़ा योगदान दिया है।’’
शिअद प्रमुख ने कहा कि पार्टी को केपी की वजह से दोआबा क्षेत्र में और मजबूती मिलेगी।
केपी ने कहा कि शिअद पंजाब की पार्टी है जिसमें हमेशा राज्य के मुद्दों के समाधान के लिए लड़ाई लड़ी। केपी ने कहा कि ‘मतभेदों’ के चलते उन्होंने कांग्रेस छोड़ी है।
केपी पंजाब के दोआबा क्षेत्र के प्रमुख दलित नेता हैं और वह 1992 और 1995 में कांग्रेस सरकार में मंत्री थे। वह 2009 में जालंधर लोकसभा सीट से निर्वाचित हुए और 2014 में होशियारपुर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा।
केपी 1985, 1992 और 2002 में तीन बार जालंधर दक्षिण से विधायक निर्वाचित हुए। उन्हें 2017 के विधानसभा चुनाव में तत्कालीन शिअद नेता पवन कुमार टीनू से आदमपुर सीट पर हार का सामना करना पड़ा।
केपी के पास समृद्ध राजनीतिक विरासत है। उनके पिता दर्शन सिंह केपी जालंधर से पांच बार विधायक निर्वाचित हुए जिनकी हत्या 1992 में आतंकवादियों ने कर दी थी।
केपी के बेटी की शादी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता चरणजीत सिंह चन्नी के भांजे के साथ हुई है। चन्नी जालंधर लोकसभा सीट से कांग्रेस के उम्मीदवार हैं।
भाषा धीरज