क्या केजरीवाल खुद को संविधान से ऊपर समझते हैं : कैग रिपोर्ट को लेकर बोली भाजपा
अमित माधव
- 13 Jan 2025, 06:38 PM
- Updated: 06:38 PM
नयी दिल्ली, 13 जनवरी (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने दिल्ली सरकार द्वारा कैग रिपोर्ट विधानसभा में पेश नहीं करने को लेकर सोमवार को आम आदमी पार्टी (आप) के नेता अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधा और उनसे सवाल किया कि क्या वह खुद को संविधान से ऊपर समझते हैं।
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि संवैधानिक व्यवस्था के अनुसार सरकार को नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) की रिपोर्ट पेश करनी होती है, जो उसके राजस्व और व्यय की जांच करती है, लेकिन आप सरकार ने ऐसा नहीं किया है। उन्होंने कहा, ‘‘क्या वह (केजरीवाल) खुद को संविधान से ऊपर समझते हैं?’’
उन्होंने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी का ‘‘अराजकतावादी चरित्र’’ संवैधानिक व्यवस्था में फैल रहा है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार के वित्त से संबंधित कैग की लगभग एक दर्जन रिपोर्ट हैं, लेकिन आप सरकार ने इन्हें विधानसभा में पेश करने से यह कहते हुए इनकार कर दिया है कि इसकी कोई जरूरत नहीं है।
कैग ने अपनी रिपोर्ट में आप के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार की कुछ नीतियों की आलोचना की है जिसमें सरकारी खजाने को 2026 करोड़ रुपये का नुकसान पहुंचाने के लिए अब रद्द हो चुकी आबकारी नीति भी शामिल है।
केजरीवाल पर निशाना साधते हुए त्रिवेदी ने कहा कि जब मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री थे और सोनिया गांधी सत्तारूढ़ गठबंधन की अध्यक्ष थीं, तब वह (आप प्रमुख) कांग्रेस नीत संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन (संप्रग) सरकार पर ‘‘पीएम और सुपर पीएम (प्रधानमंत्री)’’ जैसे शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कटाक्ष करते थे और अब वह स्वयं ‘‘सुपर सीएम (मुख्यमंत्री)’’ की तरह काम कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि आप दिल्ली में संख्यात्मक रूप से सबसे मजबूत सरकारों में से एक का नेतृत्व कर रही है लेकिन इसके बावजूद, केजरीवाल ने बहाने बनाने और शिकायत करने के अलावा कुछ नहीं किया है।
भाजपा प्रवक्ता एवं राज्यसभा सदस्य त्रिवेदी ने मुख्यमंत्री आतिशी द्वारा अपने प्रचार अभियान के लिए चंदा जुटाने को भी नौटंकी करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि यह सिर्फ एक मुखौटा है, ठीक उसी तरह जैसे वह एक मुख्यमंत्री के रूप में मुखौटा हैं जबकि केजरीवाल ‘‘सुपर सीएम’’ की तरह काम करते हैं।
त्रिवेदी ने कहा कि अगर राजनीति में विश्वसनीयता के संकट की धारणा है, तो दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री इसके ‘‘मूर्तरूप’’ हैं।
कांग्रेस के सहयोगी एवं जम्मू कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला द्वारा केंद्र शासित प्रदेश में एक सुरंग के उद्घाटन के अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रशंसा किये जाने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि जो कोई भी बिना किसी पूर्वाग्रह के मोदी सरकार के कामकाज को देखता है, वह इसके काम की सराहना करेगा।
अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये के नये निचले स्तर पर गिरने के लिए मोदी सरकार की कांग्रेस द्वारा आलोचना के बारे में पूछे जाने पर, त्रिवेदी ने दावा किया कि यह अमेरिकी डॉलर से जुड़े उसके खुद के मुद्दों के कारण है तथा भारतीय मुद्रा ने अन्य मुद्राओं के मुकाबले अच्छा प्रदर्शन किया है।
त्रिवेदी ने अंतरराष्ट्रीय व्यापार के लिए अमेरिकी डॉलर पर निर्भरता को कम करने के कुछ देशों के प्रयासों की ओर इशारा करते हुए कहा कि अब ‘डी-डॉलराइजेशन’ की बात हो रही है। त्रिवेदी ने कहा कि भारत भी रूस जैसे देशों के साथ रुपये में व्यापार कर रहा है।
‘डी-डॉलराइजेशन’ से आशय अंतरराष्ट्रीय व्यापार में अमेरिकी डॉलर की निर्भरता को कम करने से है।
भाषा अमित