बाजार में लगातार पांचवें दिन गिरावट, सेंसेक्स 1,176 अंक टूटा
पाण्डेय प्रेम
- 20 Dec 2024, 06:27 PM
- Updated: 06:27 PM
मुंबई, 20 दिसंबर (भाषा) वैश्विक बाजारों में कमजोरी के बीच घरेलू शेयर बाजारों में गिरावट का सिलसिला लगातार पांचवें दिन शुक्रवार को भी जारी रहा और भारी बिकवाली के असर में दोनों मानक सूचकांक करीब 1.5 प्रतिशत तक टूट गए।
अमेरिकी फेडरल रिजर्व के आक्रामक रुख के बाद वैश्विक बाजारों में जोखिम से बचने की चाह के चलते कारोबारी धारणा कमजोर बनी हुई है।
चौतरफा बिकवाली के बीच बीएसई का 30 शेयरों वाला सूचकांक सेंसेक्स 1,176.46 अंक यानी 1.49 प्रतिशत गिरकर 78,041.59 पर बंद हुआ। कारोबार के दौरान एक समय यह 1,343.46 अंक फिसलकर 77,874.59 पर आ गया था।
इसी तरह एनएसई का मानक सूचकांक निफ्टी 364.20 अंक यानी 1.52 प्रतिशत गिरकर 23,587.50 पर बंद हुआ।
बीएसई पर सूचीबद्ध 2,950 शेयरों में गिरावट आई जबकि 1,045 शेयर तेजी के साथ बंद हुए और 90 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ।
बाजार में गिरावट के इन पांच दिनों में निवेशकों को 18.43 लाख करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। इस दौरान बीएसई में सूचीबद्ध कंपनियों का कुल बाजार पूंजीकरण 18,43,121.27 करोड़ रुपये घटकर 4,40,99,217.32 करोड़ रुपये रह गया।
जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व के उम्मीद से कम दर कटौती ने वैश्विक बाजार की धारणा को प्रतिकूल रूप से प्रभावित किया है। इसके चलते घरेलू बाजार खासतौर से प्रभावित हो रहे हैं, जो पहले ही उच्च मूल्यांकन और कम आय वृद्धि से जूझ रहे थे।
पिछले पांच दिनों में बीएसई सेंसेक्स 4,091.53 अंक यानी 4.98 प्रतिशत और निफ्टी 1,180.8 अंक या 4.76 प्रतिशत टूट गया है।
सेंसेक्स की प्रमुख कंपनियों में से टेक महिंद्रा, इंडसइंड बैंक, एक्सिस बैंक, महिंद्रा एंड महिंद्रा, टाटा मोटर्स, लार्सन एंड टुब्रो, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, अल्ट्राटेक सीमेंट और रिलायंस इंडस्ट्रीज में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई।
दूसरी तरफ, जेएसडब्ल्यू स्टील, नेस्ले और टाइटन के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए।
एशिया के अन्य बाजारों में दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की, चीन का शंघाई कम्पोजिट और हांगकांग का हेंगसेंग गिरावट के साथ बंद हुए।
यूरोपीय बाजार दोपहर के सत्र में गिरावट के साथ कारोबार कर रहे थे। अमेरिकी बाजार बृहस्पतिवार को मिले-जुले रुख के साथ बंद हुए थे।
रेलिगेयर ब्रोकिंग लिमिटेड के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) अजीत मिश्रा ने कहा, ''कारोबार में अस्थिर शुरुआत के बाद निफ्टी पूरे दिन लगातार कमजोर होता गया।''
व्यापक बाजार में बीएसई मिडकैप सूचकांक में 2.43 प्रतिशत और स्मॉलकैप सूचकांक में 2.11 प्रतिशत की गिरावट आई।
क्षेत्रवार सूचकांकों में चौतरफा गिरावट रही। रियल्टी खंड में 4.07 प्रतिशत, बिजली में 3.55 प्रतिशत, पूंजीगत सामान में 3.02 प्रतिशत, औद्योगिक वस्तुओं में 2.67 प्रतिशत, बीएसई आईटी में 2.61 प्रतिशत, आईटी में 2.51 प्रतिशत, उपभोक्ता विवेकाधीन वस्तुओं में 2.32 प्रतिशत और सेवाओं में 2.29 प्रतिशत की गिरावट आई।
मेहता इक्विटीज लिमिटेड के वरिष्ठ उपाध्यक्ष (शोध) प्रशांत तापसे ने कहा, ''निवेशकों में घबराहट बनी रही और सभी शेयरों में गिरावट आई। रुपये के मुकाबले डॉलर की लगातार मजबूती ने विदेशी निवेशकों को स्थानीय इक्विटी से दूर रहने और सुरक्षित डॉलर परिसंपत्तियों में निवेश के लिए प्रेरित किया।''
शेयर बाजार के आंकड़ों के मुताबिक विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने बृहस्पतिवार को 4,224.92 करोड़ रुपये के शेयर बेचे।
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.96 प्रतिशत गिरकर 72.18 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।
बृहस्पतिवार को सेंसेक्स 964.15 अंक गिरकर 79,218.05 और निफ्टी 247.15 अंक गिरकर 23,951.70 अंक पर बंद हुआ था।
भाषा पाण्डेय