रूस में हमले में मृतकों की संख्या बढ़कर 133 हुई, 11 लोगों को हिरासत में लिया गया
देवेंद्र नेत्रपाल
- 23 Mar 2024, 11:51 PM
- Updated: 11:51 PM
मॉस्को, 23 मार्च (एपी) रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने शनिवार को कहा कि राजधानी मॉस्को में एक कॉन्सर्ट हॉल में हुए हमले के सिलसिले में 11 लोगों को हिरासत में लिया गया है।
इस हमले में मृतकों की संख्या बढ़कर 133 हो गई है। रूस की शीर्ष जांच एजेंसी ने शनिवार को यह जानकारी दी।
हमलावरों ने गोलीबारी के बाद हॉल को आग लगा दी। रूस की सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि यह हमला यूक्रेन से जुड़ा है, हालांकि इस्लामिक स्टेट आतंकवादी समूह ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है।
रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने राष्ट्र के नाम संबोधन में कहा कि अधिकारियों ने हमले में सीधे तौर पर शामिल चार लोगों सहित 11 लोगों को हिरासत में लिया है। उन्होंने यह भी कहा कि हमलावर सीमा पार कर यूक्रेन की तरफ जाने की कोशिश कर रहे थे।
इस बीच, यूक्रेन ने हमले में किसी भी तरह की संलिप्तता से इनकार किया है।
पुतिन ने इस हमले को ‘‘बर्बर आतंकवादी कृत्य’’ करार दिया।
कुछ दिन पहले ही देश में हुए चुनाव में जीत हासिल कर रूस के राष्ट्रपति पुतिन ने सत्ता पर अपनी पकड़ को और मजबूत किया था।
इस्लामिक स्टेट समूह ने सोशल मीडिया पर संबद्ध चैनलों पर साझा किए गए एक बयान में हमले की जिम्मेदारी ली। इस्लामिक स्टेट समूह ने अपनी समाचार एजेंसी ‘अमाक’ द्वारा साझा किए गए एक बयान के जरिए कहा कि उसने मॉस्को के बाहरी इलाके क्रास्नोगोर्स्क में ‘ईसाइयों’ की एक बड़ी सभा पर हमला किया, जिसमें सैकड़ों लोग मारे गए और घायल हो गए।
फिलहाल दावे की प्रामाणिकता सत्यापित नहीं की जा सकी है लेकिन एक अमेरिकी खुफिया अधिकारी ने ‘एसोसिएटेड प्रेस’ को बताया कि अमेरिकी खुफिया एजेंसी को पता चला था कि अफगानिस्तान में इस्लामिक स्टेट समूह की शाखा मॉस्को में हमले की साजिश बना रही थी और उन्होंने रूसी अधिकारियों के साथ जानकारी साझा की थी।
रूस की जांच समिति ने कहा कि चारों संदिग्धों को पश्चिमी रूस के ब्रांस्क क्षेत्र में पकड़ा गया। यह क्षेत्र ‘‘यूक्रेन की सीमा से ज्यादा दूर नहीं’’ है।
समाचार एजेंसी ‘तास’ ने रूस की एफएसबी का हवाला देते हुए कहा कि चारों ने सीमा पार कर यूक्रेन जाने की योजना बनाई थी और वहां उनके ‘‘संपर्क’’ थे।
इसे रूस में पिछले दो दशक में हुआ सबसे भीषण आतंकवादी हमला माना जा रहा है। यह हमला ऐसे समय में हुआ है जब देश का यूक्रेन के साथ युद्ध तीसरे साल भी जारी है।
हमले के तुरंत बाद कुछ रूसी सांसदों ने यूक्रेन पर उंगली उठाई। हालांकि यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर ज़ेलेंस्की के सलाहकार मायखाइलो पोदोल्याक ने किसी भी संलिप्तता से इनकार किया।
उन्होंने 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा, ''यूक्रेन ने कभी भी आतंकवादी तरीकों का इस्तेमाल नहीं किया है। इस युद्ध में सब कुछ जंग के मैदान पर ही तय होगा।’’
मॉस्को के मेयर सर्गेई सोबयानिन ने हमले को ‘‘बहुत बड़ी त्रासदी’’ बताया।
रूस के राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास ‘क्रेमलिन’ ने बताया कि हमलावरों के ‘क्रोकस सिटी हॉल’ में हमला करने के कुछ ही मिनट बाद पुतिन को इस बारे में सूचित कर दिया गया था। यह हॉल मॉस्को के पश्चिमी छोर पर स्थित एक बड़ा संगीत स्थल है, जिसमें 6,000 से अधिक लोग बैठ सकते हैं।
यह हमला तब हुआ जब क्रोकस सिटी हॉल में प्रसिद्ध रूसी रॉक बैंड 'पिकनिक' के एक संगीत कार्यक्रम में शामिल होने के लिए लोगों की भीड़ जमा थी।
कुछ खबरों में बताया गया है कि हमलावरों द्वारा विस्फोटक फेंकने के बाद लगी आग में और अधिक पीड़ितों के फंसे होने की आशंका है। हमले के दौरान लगी आग को बुझाने के दौरान शनिवार तड़के थिएटर की छत गिर पड़ी।
एक वीडियो में इमारत में आग लगी हुई और रात को आसमान में धुएं का एक बड़ा गुबार उठता दिखायी दिया। हमले के बाद सड़कों पर दमकल वाहन, एम्बुलेंस तथा अन्य आपात वाहन और आसमान में हेलीकॉप्टर उड़ते हुए देखे गए।
अभियोजक कार्यालय ने बताया कि लड़ाकू वर्दी पहने कई पुरुष हॉल में घुसे और उन्होंने वहां मौजूदा लोगों पर अंधाधुंध गोलीबारी शुरू कर दी।
हमले के दौरान हॉल में मौजूद डेव प्रिमोव ने कहा, ‘‘लगातार गोलीबारी होने लगी। हम सब उठे और गलियारे की ओर बढ़ने की कोशिश करने लगे। लोग घबराने लगे और भगदड़ मच गयी। कुछ लोग नीचे गिर गए जिन्हें कुछ अन्य लोगों ने कुचल दिया।’’
रूसी मीडिया पर चैनलों द्वारा पोस्ट किए गए वीडियो में हमलावर असॉल्ट राइफल से लोगों को करीब से गोली मारते दिखायी दिए।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने शुक्रवार को इस ‘‘जघन्य और कायरतापूर्ण आतंकवादी हमले’’ की निंदा की और दोषियों को जवाबदेह ठहराने की आवश्यकता पर जोर दिया। संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने भी आतंकवादी हमले की निंदा की। उनके प्रवक्ता ने यह जानकारी दी।
अक्टूबर 2015 में इस्लामिक स्टेट ने सिनाई में रूस के एक यात्री विमान को निशाना बनाया था जिसमें विमान में सवार सभी 224 यात्रियों की मौत हो गयी थी। इनमें से ज्यादातर मिस्र से छुट्टियां मनाकर लौट रहे रूसी नागरिक थे।
एपी
देवेंद्र