एलडीएफ विधायक अनवर के हमलों के बीच विजयन ने राजनीतिक सचिव का बचाव किया
प्रशांत धीरज
- 21 Sep 2024, 09:05 PM
- Updated: 09:05 PM
तिरुवनंतपुरम, 21 सितंबर (भाषा) केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने शनिवार को अपने राजनीतिक सचिव पी शशि का पुरजोर समर्थन किया, जिन्हें सत्तारूढ़ लोकतांत्रिक वाम मोर्चा (एलडीएफ)विधायक पी वी अनवर के लगातार हमलों का सामना करना पड़ रहा है।
शशि और एडीजीपी एम.आर. अजितकुमार की आलोचना करने के लिए लगातार संवाददाता सम्मेलन करने पर अनवर की तीखी आलोचना करते हुए मुख्यमंत्री ने नीलांबुर के विधायक को वामपंथी पृष्ठभूमि वाला नहीं बल्कि कांग्रेस पार्टी से आया हुआ व्यक्ति बताया।
विजयन ने कहा कि शशि मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) राज्य समिति के सदस्य हैं और पार्टी के निर्देशानुसार वह उनके राजनीतिक सचिव के रूप में अनुकरणीय कार्य कर रहे हैं।
विजयन ने अनवर के आरोपों के संबंध में पूछे गए सवालों पर प्रतिक्रिया देते हुए एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, “उनकी ओर से कोई गलत काम नहीं हुआ। चाहे कोई कुछ भी कहे, ऐसे सभी दावों को अवमानना के साथ खारिज किया जा सकता है और इन मामलों में किसी जांच की आवश्यकता नहीं है।”
अनवर ने विभिन्न मुद्दों को उठाते हुए अजितकुमार और शशि के खिलाफ अपना हमला तेज करके मुख्यमंत्री कार्यालय के लिये असहज स्थितियां बनायी हैं।
अनवर ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि शशि ने यह धारणा बनाने में मदद की कि रिश्वत लेने और धन का दुरुपयोग करने की शिकायत के संबंध में अजितकुमार के खिलाफ सतर्कता जांच में देरी के लिए विजयन जिम्मेदार थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शशि, अनवर या अन्य की शिकायतों को बिना जांचे स्वीकार करने और उन पर कार्रवाई करने के लिए नहीं हैं।
विजयन ने कहा, “वह यह सुनिश्चित करने के लिए वहां हैं कि उचित प्रक्रिया का पालन किया जाए। अगर वह अन्यथा काम करते हैं, तो न तो शशि और न ही कोई और पद पर बने रह पाएगा।”
उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि उनका कार्यालय अवैध मांगों पर विचार नहीं करेगा तथा जो लोग ऐसे अनुरोधों को अस्वीकार करेंगे, उन्हें हटाया नहीं जाएगा।
विजयन ने सार्वजनिक रूप से आरोप लगाने के लिए अनवर पर भी अपनी नाराजगी व्यक्त की और कहा कि वाम समर्थित विधायक को मीडिया में जाने से पहले पार्टी या मुख्यमंत्री से संपर्क करना चाहिए था।
अनवर द्वारा पुलिस के खिलाफ लगाए गए सोना तस्करी के आरोपों के बारे में मुख्यमंत्री ने कहा कि जांच के आदेश दे दिए गए हैं, लेकिन पुलिस बल का मनोबल गिराने वाली कार्रवाई स्वीकार नहीं की जा सकती। उन्होंने पिछले तीन वर्षों में पुलिस द्वारा जब्त किये गये तस्करी के सोने का ब्यौरा भी दिया।
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