जम्मू-कश्मीर में चुनाव तीन खानदान और युवाओं के बीच है : प्रधानमंत्री मोदी
जोहेब पवनेश
- 14 Sep 2024, 08:37 PM
- Updated: 08:37 PM
(फोटो के साथ)
जम्मू, 14 सितंबर (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि जम्मू-कश्मीर में आगामी विधानसभा चुनाव में मुकाबला विकास के लिए समर्पित नौजवानों और भ्रष्टाचार को बढ़ावा देकर व लोगों को उनके अधिकारों से वंचित कर क्षेत्र को बर्बाद करने वाले तीन खानदानों के बीच है।
जम्मू क्षेत्र के डोडा जिले में भाजपा उम्मीदवारों के समर्थन में चुनावी रैली को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा कि आतंकवाद अपनी अंतिम सांसें गिन रहा है।
उन्होंने जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करने के अपनी सरकार के वादे को दोहराया।
उन्होंने लोगों को नेशनल कॉन्फ्रेंस, कांग्रेस और पीपुल्स डेमोक्रेटिक पार्टी (पीडीपी) को सत्ता में वापस लाने के प्रति आगाह किया और आरोप लगाया कि इन दलों की नीतियों ने आतंकवाद के लिए जमीन तैयार की है, युवा नेतृत्व को दबाया है और जम्मू-कश्मीर को "खोखला" कर दिया है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि यह चुनाव जम्मू-कश्मीर का भविष्य तय करेगा जो "विदेशी शक्तियों के निशाने पर है।"
विधानसभा चुनाव के प्रथम चरण से पूर्व यह प्रधानमंत्री की जम्मू-कश्मीर में पहली चुनावी रैली थी। इस चरण में 18 सितंबर को जम्मू के तीन जिलों डोडा, किश्तवाड़ और रामबन तथा दक्षिण कश्मीर के अनंतनाग, पुलवामा, शोपियां और कुलगाम जिलों की 24 सीट पर मतदान होगा।
मोदी ने लगभग 45 मिनट के भाषण की शुरुआत रैली में आए लोगों का कश्मीरी भाषा में स्वागत करके की। उन्होंने उपस्थित लोगों से कहा, "इस बार (विधानसभा) चुनाव जम्मू-कश्मीर का भविष्य तय करेगा, जो आजादी के बाद से ही विदेशी ताकतों के निशाने पर रहा है।"
मोदी ने कहा, "इतना ही नहीं, परिवावादी राजनीति ने इस सुंदर क्षेत्र को भीतर से खोखला कर दिया। जिन राजनीतिक दलों पर आपने भरोसा किया, उन्होंने कभी आपके बच्चों की परवाह नहीं की। उन्होंने सिर्फ अपने बच्चों की परवाह की और उन्हें आगे बढ़ाया तथा नये नेतृत्व को उभरने नहीं दिया।"
प्रधानमंत्री ने कहा कि 2014 में केंद्र में उनकी सरकार बनने के तुरंत बाद जम्मू-कश्मीर में युवा नेतृत्व तैयार करने पर ध्यान केंद्रित किया गया।
उन्होंने कहा, ‘‘जम्मू-कश्मीर के युवा आतंकवाद का दंश झेलते रहे और परिवारवाद को आगे बढ़ाने वाली पार्टियां आपको गुमराह कर मौज काटती रहीं इन लोगों ने जम्मू-कश्मीर में नए नेतृत्व को कहीं भी, कभी भी उभरने ही नहीं दिया।”
मोदी ने कहा, "2000 के बाद से पंचायत चुनाव नहीं हुए थे और प्रखंड विकास परिषद (बीडीसी) व जिला विकास परिषद (डीडीसी) के चुनाव कभी नहीं हुए थे... 2014 के बाद, मैंने युवा नेतृत्व को आगे लाने की कोशिश की, 2018 में पंचायत चुनाव, 2019 में बीडीसी चुनाव और 2020 में डीडीसी चुनाव कराए। ये चुनाव कराने का उद्देश्य लोकतंत्र को जमीनी स्तर तक ले जाना था, ताकि युवा कमान संभाल सकें।"
कांग्रेस, नेकां और पीडीपी पर हमला जारी रखते हुए उन्होंने कहा कि ये पार्टियां कभी नहीं चाहती थीं कि युवा राजनीति में आएं, लेकिन “हमने उनके मंसूबों को चुनौती दी और इसका परिणाम यह हुआ कि (स्थानीय निकाय चुनावों में) 30000 से 35000 युवा निर्वाचित हुए।”
प्रधानमंत्री ने कहा कि भाजपा के कार्यकाल में जम्मू-कश्मीर ने विकास का एक नया दौर देखा है और इसका श्रेय इन निर्वाचित युवाओं को जाता है।
उन्होंने कहा, "मैं उनके योगदान के लिए उन्हें सलाम करता हूं।"
मोदी ने कहा, ‘‘यह विधानसभा चुनाव तीन खानदानों और नौजवानों के बीच है। एक तरफ वे तीन खानदान हैं और दूसरी तरफ मेरी बेटियां और बहनें हैं, जो अपने सपनों से प्रेरित हैं।”
प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया, " जम्मू-कश्मीर में कांग्रेस, नेकां और पीडीपी ने मिलकर आप लोगों के साथ जो किया है....वो किसी पाप से कम नहीं है। ये तीन परिवार जम्मू-कश्मीर को बर्बाद करने के लिए जिम्मेदार हैं। उन्होंने भ्रष्टाचार और भूमि हड़पने वालों को बढ़ावा दिया तथा लोगों को उनके अधिकारों व सुविधाओं से वंचित किया। उन्होंने अलगाववाद और आतंकवाद के लिए जमीन तैयार की और केवल उनसे जुड़े लोगों को ही सरकारी नौकरियां दीं।" उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद आखिरी सांसें गिन रहा है।
प्रधानमंत्री ने कहा, "पिछले 10 वर्षों में जम्मू-कश्मीर में जो बदलाव देखने को मिला है, वह किसी सपने के सच होने से कम नहीं है। जो पत्थर पुलिस और सेना पर फेंके जाते थे, अब उनका इस्तेमाल नये जम्मू-कश्मीर के निर्माण में किया जा रहा है... यह मोदी ने नहीं, बल्कि जम्मू-कश्मीर के लोगों ने संभव किया है।"
उन्होंने कहा कि देश के दुश्मनों को तीनों परिवारों की नीतियों से फायदा हुआ क्योंकि उन्होंने अपनी दुकानें चलाने के लिए आतंकवाद को बढ़ावा दिया।
मोदी ने कहा "उनके पापों के कारण, हमारे हजारों युवाओं ने अपनी जान गंवा दी।"
आतंकवाद के चरम पर होने के समय दुकानें और व्यापारिक प्रतिष्ठान शाम होने से पहले बंद हो जाने का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेतृत्व वाली पिछली केंद्र सरकार के गृह मंत्री श्रीनगर के लाल चौक का दौरा करने से "डरते" थे।
उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर भाजपा ने अपने घोषणापत्र में प्रवासी कश्मीरी पंडितों की वापसी और पुनर्वास का वादा किया है ताकि उन्हें उनके अधिकार प्रदान किए जा सकें।
उन्होंने कहा, "भाजपा ने आतंकवाद के सभी पीड़ितों को न्याय दिलाने के लिए श्वेत पत्र लाने का भी वादा किया है और आप जानते हैं कि भाजपा अपना वादा निभाती है।"
उन्होंने कहा, "हम और आप मिलकर एक सुरक्षित और समृद्ध जम्मू-कश्मीर का निर्माण करेंगे और यह मोदी की गारंटी है।"
प्रधानमंत्री ने कहा कि दशकों तक जम्मू-कश्मीर पर शासन करने वाले राजनीतिक दलों ने "आपके बच्चों को सुविधाओं से वंचित रखा क्योंकि उन्होंने आपको कभी अपना नहीं माना। आप उनके लिए सत्ता तक पहुंचने की एक सीढ़ी मात्र रहे।"
उन्होंने कहा, "मोदी वह व्यक्ति है जो आपके बच्चों और आपके भविष्य की परवाह करता है और यही कारण है कि भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार ने आपके काफी समय से लंबित सपनों को पूरा करने के लिए कई शैक्षणिक संस्थान और मेडिकल कॉलेज खोले हैं।"
उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करेगी।
मोदी कहा, " लेकिन आपको उन लोगों से सावधान रहना होगा जिन्होंने अपने हितों के लिए आपके अधिकारों को छीन लिया है। ये वही हैं जिन्होंने गुज्जरों और अन्य समुदायों को उनके आरक्षण के अधिकार और समाज के वर्गों को संविधान के तहत गारंटीशुदा मतदान के अधिकार से वंचित किया।
मोदी ने कहा, "उन्होंने (नेशनल कॉन्फ्रेंस, कांग्रेस और पीडीपी) ने अपने फायदे के लिए संविधान का शोषण किया है...।"
भाषा जोहेब