उत्तर-पूर्वी दिल्ली में जींस कारखाने की इमारत ढहने से दो कर्मचारियों की मौत
रवि कांत रंजन
- 21 Mar 2024, 09:15 PM
- Updated: 09:15 PM
(फोटो के साथ)
नयी दिल्ली, 21 मार्च (भाषा) उत्तर-पूर्वी दिल्ली के वेलकम इलाके में बृहस्पतिवार तड़के एक इमारत के ढह जाने से उसमें स्थित जींस के एक कारखाने के दो कर्मचारियों की मौत हो गई और एक अन्य घायल हो गया। पुलिस ने यह जानकारी दी।
उत्तर-पूर्वी दिल्ली के पुलिस उपायुक्त जॉय टिर्की ने बताया कि देर रात करीब सवा दो बजे दो मंजिला इमारत ढहने की सूचना मिली।
उन्होंने बताया कि इमारत की पहली मंजिल खाली थी जबकि भूतल का इस्तेमाल जींस के कारखाने के रूप में किया जा रहा था।
पुलिस के एक अन्य अधिकारी ने कहा, ‘‘मलबे में दबे तीन कर्मचारियों को बाहर निकाला गया और जीटीबी अस्पताल पहुंचाया गया जहां उनमें से दो कर्मचारियों को मृत घोषित कर दिया गया।’’
मृतकों की पहचान अरशद (30) और तौहीद (20) के रूप में की गई है। घायल रेहान (22) का इलाज जीटीबी अस्पताल में किया जा रहा है।
दिल्ली अग्निशमन सेवा विभाग के गीता कॉलोनी के स्टेशन अधिकारी अनूप सिंह ने कहा कि घटनास्थल पर राहत एवं बचाव अभियान के लिए दमकल विभाग की चार गाड़िया भेजी गईं।
उन्होंने कहा, ''जब हम घटनास्थल पर पहुंचे तो हमने देखा कि वहां एक इमारत ढह गई, जिसमें कुछ लोग दब गए हैं। हमने तीन लोगों को वहां से बाहर निकाल कर अस्पताल पहुंचाया।’’
कबीर नगर के पार्षद हाजी जरीफ ने कहा कि वह घटना के तुरंत बाद मौके पर पहुंचे।
हाजी जरीफ ने कहा, ‘‘ दमकल विभाग की गाड़ियां और दिल्ली पुलिस के अधिकारी भी मौके पर मौजूद थे। उन्होंने राहत-बचाव अभियान शुरू किया।’’
उन्होंने कहा कि इमारत ढहने से वहां तीन लोग फंस गए थे। उन्हें सुरक्षित बाहर निकाल कर अस्पताल में भर्ती कराया गया।
पुलिस ने बताया कि इमारत के मालिक की पहचान शाहिद के रूप में हुई है और उसका पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस मामले में कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।
पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, ‘‘ जांच के दौरान, यह पाया गया कि कारखाने और इमारत के मालिक शाहिद के पास बगल की एक इमारत भी थी जो निर्माणाधीन थी। इस इमारत की छत पर शाहिद ने एक हिस्सा तोड़ कर मलबा जमा कर दिया था। चूंकि, इमारत पहले से ही जर्जर हालत में थी, इसलिए वह ढह गई। ’’
दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक यह इमारत करीब 40 वर्ष पुरानी थी।
तौहीद के भाई अब्दुल राउफ ने 'पीटीआई-भाषा' को बताया कि तौहीद करीब एक साल से इस कारखाने में काम कर रहा था।
अरशद के एक रिश्तेदार ने कहा कि वह अपने परिवार में अकेला कमाने वाला था। अरशद के परिवार में उसके माता-पिता और तीन भाई-बहन हैं।
अरशद के रिश्तेदार ने कहा, ‘‘अरशद के पिता एक ऑटो चालक हैं। वह कारखाने में काम करके परिवार चलाने में अपने पिता की मदद करता था। ’’
पुलिस ने कहा कि इस घटना के तुरंत बाद, दोनों मृतकों के परिवार के सदस्य मौके पर पहुंचे और उनमें से कुछ ने बचाव अभियान में मदद की।
ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के नेता शोएब जमुई ने सुबह घटनास्थल का दौरा किया।
उन्होंने कहा, ''हम इस घटना पर राजनीति नहीं करना चाहते। लेकिन इस घटना में लोगों की मृत्यु हुई है और इसलिए इसके लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए।''
भाषा रवि कांत