कांग्रेस के वकीलों ने बीआरएस नेता कविता के लिए जमानत सुनिश्चित की: बंडी संजय कुमार
शुभम शोभना
- 28 Aug 2024, 01:04 AM
- Updated: 01:04 AM
हैदराबाद, 27 अगस्त (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नेता एवं केंद्रीय मंत्री बंडी संजय कुमार ने कांग्रेस और बीआरएस को ‘‘अपराध में भागीदार’’ बताते हुए मंगलवार को आरोप लगाया कि कांग्रेस और उसके वकीलों ने दोनों दलों के बीच एक सहमति के तहत बीआरएस विधान पार्षद के. कविता के लिए कथित दिल्ली आबकारी नीति घोटाले से जुड़े मामलों में जमानत सुनिश्चित करवाई।
हालांकि, तेलंगाना में सत्तारूढ़ कांग्रेस ने दावा किया कि कविता को भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) और भाजपा के बीच गुप्त सहमति के तहत जमानत मिली है।
इस बीच, बीआरएस ने कविता को जमानत देने के लिए शीर्ष अदालत की सराहना की और इसके कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामा राव ने कुमार पर उनकी टिप्पणियों को लेकर पलटवार किया।
केंद्रीय गृह राज्य मंत्री कुमार ने 'एक्स' पर पोस्ट किया, "कुख्यात शराब घोटाले में बीआरएस एमएलसी को जमानत सुनिश्चित करने के लिए कांग्रेस पार्टी और उसके वकीलों को बधाई। आपके अथक प्रयासों का अंततः फल मिला।"
उन्होंने तेलंगाना से राज्यसभा उपचुनाव लड़ रहे कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी की ओर इशारा करते हुए कहा, "यह जमानत बीआरएस और कांग्रेस दोनों के लिए जीत है - बीआरएस नेता जमानत पर बाहर हैं और कांग्रेस के आदमी को राज्यसभा की सदस्यता मिल जाएगी।"
कुमार ने कहा, "शुरूआत में जमानत के लिए दलील रखने वाले उम्मीदवार का समर्थन करके केसीआर ने उल्लेखनीय राजनीतिक कौशल दिखाया, जिससे वह सत्तारूढ़ कांग्रेस द्वारा राज्यसभा के लिए निर्विरोध निर्वाचित करा लिये जाएंगे। अपराध में भागीदारों को बधाई।"
कुमार की टिप्पणियों पर आपत्ति जताते हुए बीआरएस नेता रामा राव ने कहा कि उच्चतम न्याालय को उस पर कथित रूप से आक्षेप लगाने के लिए उनके (कुमार) खिलाफ अवमानना कार्यवाही शुरू करनी चाहिए।
राव ने 'एक्स' पर कहा, "आप गृह मामलों के प्रभारी केंद्रीय मंत्री हैं और उच्चतम न्यायालय पर आक्षेप लगा रहे हैं। यह आपके पद को देखते हुए शोभा नहीं देता।’’
उन्होंने कहा, "मैं भारत के माननीय प्रधान न्यायाधीश और सम्मानित उच्चतम न्यायालय से इन टिप्पणियों का संज्ञान लेने और अवमानना कार्यवाही शुरू करने का सम्मानपूर्वक आग्रह करता हूं।"
कविता के भाई रामा राव ने कहा कि कविता को जमानत मिलने से न्याय की जीत हुई है। उन्होंने कहा, "उच्चतम न्यायालय का शुक्रिया। राहत मिली। न्याय की जीत हुई।"
इस बीच, प्रदेश कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष एवं विधान पार्षद (एमएलसी) बी महेश कुमार गौड़ ने दावा किया कि बीआरएस नेता रामा राव और टी हरीश राव ने दिल्ली में "भाजपा नेताओं के पैरों पर गिरकर कविता की जमानत सुनिश्चित की।"
भाजपा और बीआरएस पर कांग्रेस को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाते हुए गौड़ ने कहा कि बीआरएस ने एक गुप्त सहमति के तहत लोकसभा चुनावों में भाजपा के सामने आत्मसमर्पण कर दिया। उन्होंने दावा किया कि बीआरएस जल्द ही भाजपा में विलय कर लेगी।
हालांकि बीआरएस और भाजपा, पहले ही दोनों दलों के गठबंधन या विलय की खबरों को खारिज कर चुके हैं।
राज्य के आईटी एवं उद्योग मंत्री डी. श्रीधर बाबू ने दावा किया कि यह स्पष्ट है कि बीआरएस और भाजपा दोनों एक साथ मिलकर काम कर रहे हैं।
उन्होंने 'पीटीआई वीडियो' से कहा कि बीआरएस के शीर्ष नेतृत्व ने पिछले करीब डेढ़ महीने से "भाजपा नेतृत्व से अनुरोध किया है" कि वे उनके साथ मिलकर चलना चाहते हैं और अपनी पार्टी का भाजपा में विलय करना चाहते हैं। आखिरकार, उन्हें नतीजा मिल ही गया।"
बीआरएस नेता कविता को राहत देते हुए, उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को कथित दिल्ली आबकारी नीति घोटाले से जुड़े भ्रष्टाचार और धनशोधन मामलों में उन्हें जमानत दे दी।
भाषा
शुभम