प्रधानमंत्री ने अपनी यूक्रेन यात्रा और बांग्लादेश की स्थिति पर अमेरिकी राष्ट्रपति से चर्चा की
जोहेब अविनाश
- 26 Aug 2024, 11:54 PM
- Updated: 11:54 PM
नयी दिल्ली, 26 अगस्त (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के साथ फोन पर हुई बातचीत में अपनी हालिया यूक्रेन यात्रा सहित विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की।
प्रधानमंत्री ने दोहराया कि भारत क्षेत्र में यथाशीघ्र शांति व स्थिरता लाने के लिए पूरा सहयोग करेगा।
मोदी ने सोशल मीडिया मंच 'एक्स' पर एक पोस्ट में कहा कि उन्होंने और बाइडन ने बांग्लादेश के हालात पर भी चर्चा की और सामान्य स्थिति की शीघ्र बहाली तथा अल्पसंख्यकों, विशेषकर हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।
बाइडन ने मोदी की यूक्रेन यात्रा के तीन दिन बाद उन्हें फोन किया। मोदी ने अपनी यात्रा के दौरान यूक्रेनी राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की से कहा था कि यूक्रेन और रूस को युद्ध खत्म करने के लिए साथ बैठना चाहिए और भारत शांति बहाल करने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने को तैयार है।
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, “आज फोन पर अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन से बात हुई। हमने यूक्रेन के हालात समेत विभिन्न क्षेत्रीय व वैश्विक मुद्दों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की। मैंने शांति और स्थिरता की शीघ्र बहाली के लिए भारत की ओर से पूर्ण समर्थन की बात दोहराई।”
उन्होंने कहा, “हमने बांग्लादेश के हालात पर भी चर्चा की और सामान्य स्थिति की शीघ्र बहाली तथा बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों, विशेषकर हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की आवश्यकता पर जोर दिया।”
बांग्लादेश में जारी राजनीतिक घटनाक्रम के बाद, भारत लगातार पड़ोसी देश में अल्पसंख्यकों, विशेषकर हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दे रहा है।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) की ओर से जारी एक बयान में कहा गया है कि मोदी ने बाइडन के साथ यूक्रेन की अपनी हालिया यात्रा के बारे में चर्चा की।
बयान में कहा गया है, "यूक्रेन की स्थिति पर चर्चा करते हुए, प्रधानमंत्री मोदी ने राष्ट्रपति बाइडन के साथ यूक्रेन की अपनी हालिया यात्रा के बारे में चर्चा की।”
बयान के अनुसार मोदी ने "बातचीत और कूटनीति के पक्ष में भारत की सतत स्थिति" के बारे में बात की और शांति व स्थिरता की जल्द बहाली के लिए पूर्ण समर्थन व्यक्त किया।
पीएमओ ने कहा, “दोनों नेताओं ने बांग्लादेश की स्थिति पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कानून-व्यवस्था की बहाली और बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों, विशेष रूप से हिंदुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर जोर दिया।”
प्रधानमंत्री की यूक्रेन यात्रा को कूटनीतिक संतुलन के रूप में देखा गया क्योंकि पिछले महीने रूस की उनकी यात्रा की बाइडन प्रशासन ने आलोचना की थी और कुछ पश्चिमी देशों ने भी नाराजगी जताई थी।
पीएमओ ने कहा कि मोदी और बाइडन ने ‘क्वाड’ सहित बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग को और मजबूत बनाने की अपनी प्रतिबद्धता भी दोहराई।
दिलचस्प बात यह है कि मोदी ने सोमवार को ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीस से भी फोन पर बातचीत की, जिसमें ‘क्वाड’ समेत विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई।
बाइडन और अल्बानीस के साथ फोन पर उनकी बातचीत ऐसे समय में हुई है, जब अटकलें लगाई जा रही हैं कि इस साल का ‘क्वाड’ शिखर सम्मेलन अगले महीने न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र के शिखर सम्मेलन के दौरान हो सकता है।
पीएमओ ने बाइडन के साथ मोदी की बातचीत पर कहा कि प्रधानमंत्री ने भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति की गहरी प्रतिबद्धता की सराहना की, जो "लोकतंत्र, कानून के शासन और लोगों के बीच मजबूत संबंधों" पर आधारित है।
पीएमओ के अनुसार दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों में महत्वपूर्ण प्रगति की समीक्षा की और रेखांकित किया कि भारत-अमेरिका साझेदारी का उद्देश्य दोनों देशों के लोगों के साथ-साथ पूरी मानवता को लाभ पहुंचाना है।”
पीएमओ ने कहा कि मोदी के पास बाइडन का फोन आया और दोनों नेताओं ने संपर्क में रहने पर सहमति जताई।
भाषा जोहेब