हिमंत विश्व शर्मा ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर ‘हमलों’ को लेकर ‘चुप्पी’ पर कांग्रेस की आलोचना की
आशीष दिलीप
- 10 Aug 2024, 09:20 PM
- Updated: 09:20 PM
(फोटो के साथ)
रांची, 10 अगस्त (भाषा) असम के मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे ‘‘हमलों’’ के बारे में कांग्रेस की ‘‘चुप्पी’’ की शनिवार को आलोचना की और आरोप लगाया कि पार्टी गाजा के बारे में अधिक चिंतित है।
झारखंड में भाजपा के चुनाव सह-प्रभारी शर्मा ने रांची में पार्टी के संगठनात्मक कार्यक्रम में भाग लिया और 23 अगस्त को पार्टी की युवा शाखा द्वारा आयोजित की जाने वाली युवा आक्रोश रैली की रणनीतियों पर चर्चा की।
बांग्लादेश की अशांति पर चिंता व्यक्त करते हुए शर्मा ने कहा कि वहां की स्थिति बहुत खराब है और उसे शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता। उन्होंने विश्वास जताया कि केंद्र सरकार कूटनीतिक माध्यम से इस मुद्दे का समाधान करेगी और स्थिति धीरे-धीरे सुधरेगी।
शर्मा ने बिरसा मुंडा हवाई अड्डे पर संवाददाताओं से कहा, ‘‘अभी वहां (बांग्लादेश में) स्थिति बहुत खराब है।’’
बांग्लादेश में हिंदुओं की दुर्दशा पर कथित रूप से चुप रहने के लिए कांग्रेस की आलोचना करते हुए असम के मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘पार्टी के नेताओं ने गाजा में अल्पसंख्यकों के लिए विरोध प्रदर्शन किया, लेकिन बांग्लादेश में हिंदुओं के लिए उन्होंने कितनी बार आवाज उठाई? कांग्रेस ने दिखाया है कि वह दुनिया भर में समस्याओं का सामना कर रहे मुसलमानों के साथ खड़ी है, लेकिन हिंदुओं के साथ नहीं।’’
बांग्लादेश से लोगों के पलायन पर शर्मा ने कहा कि केंद्र सरकार ने किसी को भी सीमा पार करने की अनुमति नहीं दी है। उन्होंने कहा, ‘‘यह समाधान नहीं है। हम लोगों को सीमा पार करने की अनुमति नहीं दे सकते। इसका एकमात्र समाधान सभी राजनयिक माध्यम का इस्तेमाल करना और बांग्लादेश में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना है।’’
शर्मा ने यह भी दावा किया कि बांग्लादेश की सीमा से लगे पूरे पूर्वी क्षेत्र में हिंदू आबादी में गिरावट आई है। उन्होंने कहा, ‘‘असम में हिंदू आबादी में 9.23 प्रतिशत की कमी आई है, जबकि बांग्लादेश में पिछले कुछ वर्षों में इसमें 13.5 प्रतिशत की कमी आई है।’’
संगठनात्मक कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में शर्मा ने कहा कि पार्टी झारखंड में बांग्लादेशी घुसपैठियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू करेगी। उन्होंने कहा, ‘‘घुसपैठ के कारण पाकुड़ में स्थिति बांग्लादेश जैसी हो गई है। झारखंड में सरकार बनने के बाद हम राज्य में घुसपैठ के खिलाफ बड़ी कार्रवाई शुरू करेंगे।’’
उन्होंने कहा, ‘‘राज्य सरकार ने युवाओं को पांच लाख नौकरियां और बेरोजगारी भत्ता देने का वादा किया था। लेकिन, वह ऐसा करने में विफल रही है। इसलिए युवाओं ने हेमंत सोरेन सरकार के खिलाफ आक्रोश रैली निकालने का फैसला किया है।’’
शर्मा के आरोपों पर प्रतिक्रिया जताते हुए कांग्रेस के झारखंड प्रभारी गुलाम अहमद मीर ने कहा, ‘‘शर्मा को हमें उपदेश नहीं देना चाहिए। उन्हें अपने राज्य और क्षेत्र का ख्याल रखना चाहिए।’’
बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों पर चिंता व्यक्त करते हुए मीर ने कहा, ‘‘पड़ोसी देश में हमारे लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना विदेश मंत्रालय की जिम्मेदारी है।’’
भाषा आशीष