कोल्हापुर में शाहू महाराज द्वारा निर्मित सभागर आग में जलकर खाक, मुख्यमंत्री ने जांच के आदेश दिए
खारी रंजन
- 09 Aug 2024, 05:27 PM
- Updated: 05:27 PM
कोल्हापुर, नौ अगस्त (भाषा) पश्चिमी महाराष्ट्र के कोल्हापुर शहर में 100 साल से अधिक पुराना सभागार भीषण आग लगने से जलकर खाक हो गया जिसके बाद मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने शुक्रवार को घटना की जांच के आदेश दिए।
जिले के अधिकारियों ने बताया कि कोल्हापुर में कला और नाटक के प्रतीक के रूप में स्थापित केशवराव भोसले नाट्यगृह बृहस्पतिवार की रात को लगी आग में जलकर खाक हो गया।
इस ऐतिहासिक इमारत का निर्माण 1915 में छत्रपति शाहू महाराज की पहल पर किया गया था, जिन्होंने 1884 से 1922 के बीच कोल्हापुर रियासत पर शासन किया था और वह अपने सामाजिक सुधारों के लिए जाने जाते हैं।
दिवंगत गायक-अभिनेता केशवराव भोसले के नाम पर बना यह सभागार शहर के खासबाग इलाके में स्थित है। इसका प्रबंधन कोल्हापुर महानगर पालिका (केएमसी) द्वारा किया जाता है।
दमकल के एक अधिकारी ने बताया, ‘‘आग बृहस्पतिवार रात करीब पौने दस बजे लगी। सूचना मिलने के बाद दमकल गाड़ियां और पानी के टैंकर मौके पर भेजे गये तथा आग बुझाने के प्रयास शुरू किए गए। रात करीब साढ़े ग्यारह बजे आग पर काबू पा लिया गया। ’’
जिला प्रशासन के अनुसार, आग संभवत: शॉर्ट-सर्किट के कारण आग लगी।
मुख्यमंत्री ने इस घटना को ‘‘दुर्भाग्यपूर्ण’’ बताया और कहा कि उन्होंने इसकी जांच के आदेश दे दिए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि प्राथमिकता के आधार पर उसी स्थान पर एक नया ऑडिटोरियम बनाया जाए।
बाद में घटनास्थल पर पहुंचे कोल्हापुर के संरक्षक मंत्री हसन मुश्रीफ ने कहा कि मामले की जांच की जाएगी।
उन्होंने कहा, ‘‘यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि 109 साल पहले राजर्षि छत्रपति शाहू महाराज द्वारा बनवाया गया यह ऑडिटोरियम आग में जलकर खाक हो गया। रोम से लौटने पर शाहू महाराज ने स्थानीय रंगकर्मियों को प्रोत्साहित करने के लिए यहां एक सभागार बनवाने का फैसला किया था... किसी ने सोचा भी नहीं होगा कि यह सभागार इस तरह नष्ट हो जाएगा।’’
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा 10 करोड़ रुपये दिए जाने के बाद सभागार का जीर्णोद्धार किया गया था।
मुश्रीफ ने कहा, ‘‘हम कोल्हापुर के खोए हुए गौरव को बहाल करेंगे। हम इस काम के लिए धन जुटाने का प्रयास करेंगे।’’
मुंबई-नासिक राजमार्ग के निरीक्षण के दौरान पत्रकारों से बात करते हुए शिंदे ने कहा, ‘‘मैंने कोल्हापुर ऑडिटोरियम में आग लगने की घटना की जांच के आदेश दिए हैं। मैंने इस संबंध में कोल्हापुर महानगर पालिक के आयुक्त को निर्देश दिए हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘कोल्हापुर के लोगों का इस सभागार से गहरा नाता है और हम सुनिश्चित करेंगे कि उन्हें किसी भी तरह की असुविधा न हो।’’
उन्होंने कहा, ‘‘बिना समय गंवाए सरकार यह सुनिश्चित करेगी कि उसी स्थान पर एक नया सभागार बनाया जाए।’’
महाराष्ट्र विधानसभा में विपक्ष के नेता विजय वडेट्टीवार ने कहा कि सभागार कोल्हापुर की सांस्कृतिक विरासत का हिस्सा है। उन्होंने घटना की जांच की भी मांग की।
कोल्हापुर के सांसद छत्रपति शाहू महाराज और उनके बेटे एवं पूर्व सांसद छत्रपति संभाजी ने भी घटनास्थल का दौरा किया।
भाषा
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