कोविड से मौत का अनुमान लगाने के लिए डब्ल्यूएचओ का गणितीय मॉडल-आधारित दृष्टिकोण विसंगतिपूर्ण : सरकार
मनीषा माधव
- 06 Aug 2024, 06:03 PM
- Updated: 06:03 PM
नयी दिल्ली, छह अगस्त (भाषा) सरकार ने मंगलवार को बताया कि कोविड-19 से मौत का अनुमान लगाने के लिए डब्ल्यूएचओ का गणितीय मॉडल-आधारित दृष्टिकोण विसंगतिपूर्ण है।
राज्यसभा को एक प्रश्न के लिखित उत्तर में, स्वास्थ्य राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने बताया कि राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा बताए गए मृत्यु दर के अनुमान विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) या अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा पत्रिकाओं द्वारा दिए गए अनुमानों से मेल नहीं खाते हैं।
पटेल ने कहा कि गणितीय-मॉडल अभ्यास के आधार पर, डब्ल्यूएचओ ने एक जनवरी, 2020 से 31 दिसंबर, 2021 के बीच कोविड सहित सभी कारणों से हुई मौतों का अनुमान लगाया है।
उन्होंने कहा, ‘‘डब्ल्यूएचओ का यह गणितीय मॉडल-आधारित दृष्टिकोण विसंगतिपूर्ण है।’’
पटेल ने कहा कि अतिरिक्त मृत्यु दर के अनुमानों पर इसी तरह के गणितीय मॉडल-आधारित अनुमान कभी-कभी कुछ अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा पत्रिकाओं में प्रकाशित हुए हैं।
मंत्री ने कहा कि डब्ल्यूएचओ ने भी माना है और अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा पत्रिकाओं से संकेत मिले हैं कि उनके मॉडल-अभ्यास में सीमित प्रतिनिधित्व सहित कई सीमाएं हैं।
संविधान के अनुच्छेद 263 के तहत गठित सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के स्वास्थ्य मंत्रियों के प्रतिनिधि निकाय, केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण परिषद ने इस संबंध में डब्ल्यूएचओ के दृष्टिकोण के खिलाफ सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया है और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को वैश्विक स्वास्थ्य निकाय को अपनी सामूहिक निराशा व्यक्त करने के लिए अधिकृत किया है।
पटेल ने अपने जवाब में कहा, ‘‘इसके अनुसार, भारत ने कोविड-19 महामारी से जुड़ी अतिरिक्त मृत्यु दर के अनुमान के लिए इस्तेमाल किए गए विश्व स्वास्थ्य संगठन के दृष्टिकोण की प्रक्रिया, कार्यप्रणाली और परिणाम पर कड़ी आपत्ति दर्ज की थी। विभिन्न अध्ययन भारत की मजबूत नागरिक पंजीकरण प्रणाली (सीआरएस) को स्वीकार करने में विफल रहे, जिसने 2020 में मृत्यु पंजीकरण (99 प्रतिशत से अधिक) में पर्याप्त वृद्धि दर्ज की, जो केवल महामारी के कारण नहीं थी।’’
मंत्री ने कहा कि केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को कोविड-19 से हुई मौतों की रिपोर्टिंग के लिए विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
उन्होंने कहा कि भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने विश्व स्तर पर स्वीकृत अंतरराष्ट्रीय रोग वर्गीकरण-10 (आईसीडी-10) के अनुसार, ‘‘भारत में कोविड-19 से संबंधित मौतों के उचित पंजीकरण के लिए मार्गदर्शन’’ जारी किया है।
भाषा
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