भाजपा कर्नाटक सरकार को गिराने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है: गौड़ा
देवेंद्र शोभना
- 18 Jul 2024, 04:57 PM
- Updated: 04:57 PM
बेंगलुरु, 18 जुलाई (भाषा) कर्नाटक में सत्तारूढ़ कांग्रेस ने बृहस्पतिवार को कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) राज्य सरकार को गिराने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का इस्तेमाल कर रही है और ‘कर्नाटक महर्षि वाल्मीकि अनुसूचित जनजाति विकास निगम’ घोटाले के सिलसिले में गिरफ्तार लोगों पर वरिष्ठ नेताओं के नाम लेने का दबाव डाल रही है।
राज्य के राजस्व मंत्री कृष्ण बायरे गौड़ा ने यहां संवाददाता सम्मेलन में दावा किया कि केंद्र सरकार कर्नाटक सरकार को गिराने का प्रयास कर रही है, जैसा उसने झारखंड, दिल्ली, केरल, तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और पश्चिम बंगाल जैसे राज्यों में किया था।
उन्होंने कहा, ‘‘हमारे पास पुख्ता जानकारी है और हम इसे आपके साथ साझा करेंगे। वाल्मीकि निगम घोटाले के सिलसिले में जिन लोगों को गिरफ्तार किया गया है, उन पर कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं के नाम लेने का दबाव बनाया जा रहा है।’’
गौड़ा ने कहा कि विपक्ष को निशाना बनाने के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), आयकर विभाग और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) का दुरुपयोग किया जा रहा है।
उन्होंने आरोप लगाया कि ‘कर्नाटक महर्षि वाल्मीकि अनुसूचित जनजाति विकास निगम’ में कथित अनियमितताओं की ईडी जांच का उद्देश्य कांग्रेस सरकार को गिराना है। उन्होंने कहा कि पार्टी कानूनी लड़ाई के लिए तैयार है और लोकतंत्र को बचाने के लिए सड़कों पर उतरेगी।
उन्होंने कहा, ‘‘हताश भाजपा को अब यह एहसास हो गया है कि वह कर्नाटक में कांग्रेस सरकार को नहीं गिरा सकती, जैसा कि उसने 2019 में किया था जब कांग्रेस और जद (एस) की गठबंधन सरकार को गिरा दिया गया था। केंद्र सरकार अब ईडी का इस्तेमाल कर कांग्रेस सरकार को गिराने की कोशिश कर रही है।’’
उन्होंने ईडी पर घोटाले में शामिल लोगों का पता लगाने में ठीक ढंग से काम नहीं करने का आरोप लगाया।
गौड़ा ने आरोप लगाया, ‘‘ईडी का धोखेबाजों को गिरफ्तार करने का कोई इरादा नहीं है, बल्कि यह उनके लिए एक अवसर मात्र है। झारखंड, पश्चिम बंगाल, दिल्ली, केरल, तमिलनाडु आंध्र प्रदेश में ऐसा हो चुका है।’’
पिछले चार वर्ष में एससी/एसटी के लिए सभी बोर्ड और निगमों में हुए घोटालों की ओर इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि ईडी ने उनकी जांच नहीं की।
एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए गौड़ा ने कहा कि ईडी द्वारा दर्ज मामलों की संख्या में 400 प्रतिशत की वृद्धि हुई है और उनमें से 95 प्रतिशत विपक्षी दलों के खिलाफ हैं। उन्होंने कहा कि शेष पांच प्रतिशत केवल भाजपा या उसके सहयोगी दलों के खिलाफ हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘जब घोटालेबाज भाजपा में शामिल हो जाते हैं, तो उनके खिलाफ सभी मामले बंद हो जाते हैं। हमने महाराष्ट्र और तेलंगाना, पश्चिम बंगाल, बिहार और असम में ऐसा होते हुए देखा है।’’
ईडी ने पिछले सप्ताह घोटाले के सिलसिले में पूर्व मंत्री बी नागेन्द्र को गिरफ्तार किया था।
भाषा देवेंद्र