हरियाणा ने पुलिस, वन विभाग की भर्ती में अग्निवीर के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण की घोषणा की
आशीष माधव
- 17 Jul 2024, 09:52 PM
- Updated: 09:52 PM
(फोटो के साथ)
चंडीगढ़, 17 जुलाई (भाषा) विधानसभा चुनावों से कुछ महीने पहले हरियाणा की भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) नीत सरकार ने कांस्टेबल, वन रक्षकों और जेल वार्डन की भर्ती के साथ-साथ अन्य पदों पर अग्निवीर के लिए 10 प्रतिशत आरक्षण की बुधवार को घोषणा की।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने यह भी कहा कि ग्रुप बी और ग्रुप सी में सिविल पदों के लिए भर्ती में अग्निवीर को ऊपरी आयु सीमा में तीन साल की छूट देने का फैसला किया गया है। उन्होंने कहा, ‘‘हालांकि, अग्निवीर के पहले बैच के लिए यह आयु सीमा पांच साल होगी।’’
सैनी ने कहा कि उनकी सरकार ग्रुप सी में सिविल पदों के लिए सीधी भर्ती में अग्निवीर को पांच प्रतिशत और ग्रुप बी में एक प्रतिशत आरक्षण प्रदान करेगी।
ग्रुप बी राज्य सरकार में राजपत्रित पदों को संदर्भित करता है, जबकि ग्रुप सी में क्लर्क जैसे गैर-राजपत्रित पद शामिल हैं।
सैनी ने यहां संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘राज्य सरकार द्वारा कांस्टेबल, खनन रक्षक, वन रक्षक, जेल वार्डन और विशेष पुलिस अधिकारी के पदों पर की जाने वाली सीधी भर्ती में अग्निवीर के लिए 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण होगा।’’
सैनी ने कहा, ‘‘अगर कोई औद्योगिक इकाई अग्निवीर को 30,000 रुपये प्रति माह से अधिक वेतन पर नियुक्त करती है, तो हमारी सरकार उस इकाई को 60,000 रुपये की वार्षिक सब्सिडी देगी।’’
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि यदि कोई अग्निवीर अपना व्यवसाय शुरू करना चाहता है तो सरकार उसे पांच लाख रुपये तक का ब्याज मुक्त ऋण उपलब्ध कराएगी।
उन्होंने विपक्षी दल कांग्रेस पर हमला करते हुए उस पर अग्निपथ सैन्य भर्ती योजना के बारे में ‘‘दुष्प्रचार’’ करने का आरोप लगाया। सैनी ने कहा, ‘‘यह योजना जनहित में लाई गई है।’’
उन्होंने यह भी घोषणा की कि अग्निवीर को प्राथमिकता के आधार पर हथियार लाइसेंस दिए जाएंगे।
सैनी ने कहा कि सरकारी विभागों, बोर्ड या निगमों में रोजगार के आकांक्षी अग्निवीर को ‘मैट्रिक्स स्कोर’ में प्राथमिकता दी जाएगी।
केंद्र की भाजपा नीत सरकार द्वारा जून 2022 में सशस्त्र बलों में कर्मियों की अल्पकालिक भर्ती के लिए शुरू की गई अग्निपथ सैन्य भर्ती योजना को विपक्षी दलों सहित कई धड़ों से कड़ी आलोचना का सामना करना पड़ा है।
हाल में हुए लोकसभा चुनावों के दौरान कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने हरियाणा के महेंद्रगढ़ में कहा था कि अगर कांग्रेस सत्ता में आयी तो अग्निवीर योजना को रद्द कर कूड़ेदान में फेंक दिया जाएगा।
जून 2022 में केंद्र द्वारा इस योजना की घोषणा किए जाने के तुरंत बाद, हरियाणा के तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने कहा था कि राज्य सरकार सशस्त्र बलों में चार साल के कार्यकाल के बाद अग्निवीर को रोजगार मुहैया कराने की गारंटी देती है।
अग्निपथ योजना में साढ़े 17 वर्ष से 21 वर्ष के आयु समूह के युवाओं को चार वर्षों के लिए भर्ती करने का प्रावधान है। इनमें से 25 प्रतिशत को अगले 15 वर्षों तक सेवा में बनाए रखने की योजना है।
भाषा आशीष