पुलिस ने मादक पदार्थ मामले में अमृतपाल सिंह के भाई हरप्रीत, दो अन्य को गिरफ्तार किया
अमित नेत्रपाल
- 12 Jul 2024, 04:10 PM
- Updated: 04:10 PM
चंडीगढ़, 12 जुलाई (भाषा) कट्टरपंथी सिख उपदेशक एवं खडूर साहिब लोकसभा सीट से सांसद अमृतपाल सिंह के भाई हरप्रीत सिंह और दो अन्य को जालंधर पुलिस ने मादक पदार्थ से जुड़े एक मामले में गिरफ्तार किया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (जालंधर ग्रामीण) अंकुर गुप्ता ने जालंधर में कहा कि हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी को उसके एक अन्य साथी लवप्रीत सिंह उर्फ लव के साथ बृहस्पतिवार शाम को उस समय गिरफ्तार किया गया जब वे दोनों मादक पदार्थ का ‘‘सेवन’’ करने की तैयारी कर रहे थे।
उन्होंने बताया कि लुधियाना के हैबोवाल क्षेत्र निवासी संदीप अरोड़ा नामक एक अन्य व्यक्ति को भी गिरफ्तार किया गया है, जिससे दोनों ने कथित तौर पर नशीला पदार्थ खरीदा था।
गुप्ता ने कहा कि जिस कार में हरप्रीत सिंह और लवप्रीत सिंह मौजूद थे, उसकी जांच के दौरान चार ग्राम आईसीई (मेथामेफटामाइन) बरामद किया गया जो कि एक नशीला पदार्थ है।
उन्होंने बताया कि इस संबंध में स्वापक औषधि एवं मन: प्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) अधिनियम के प्रावधानों के तहत मामला दर्ज किया गया है।
गुप्ता ने कहा कि पंजाब पुलिस मादक पदार्थों के खिलाफ एक विशेष अभियान चला रही है। उन्होंने कहा, ‘‘गश्त के दौरान फिल्लौर में राष्ट्रीय राजमार्ग के एक तरफ काले शीशे वाली एक संदिग्ध कार खड़ी मिली।’’
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने कहा, ‘‘कार में दो व्यक्ति बैठे थे, जिनकी पहचान अमृतसर जिले के ब्यास थाना अंतर्गत निवासी गुरप्रीत सिंह के पुत्र लवप्रीत सिंह उर्फ लव के तौर पर तथा दूसरे व्यक्ति की पहचान अमृतसर जिले के जल्लूपुर खेड़ा निवासी हरप्रीत सिंह उर्फ हैप्पी पुत्र तरसेम सिंह के रूप में हुई है।’’
गुप्ता ने कहा, ‘‘एक पुलिस उपाधीक्षक की मौजूदगी में कार की तलाशी ली गई और उसमें चार ग्राम मेथामेफटामाइन मादक पदार्थ बरामद हुआ। एक लाइटर, सिल्वर फॉयल और कुछ अन्य सामान भी बरामद किया गया।’’
उन्होंने बताया कि दोनों ने लुधियाना के संदीप अरोड़ा नामक व्यक्ति से मादक पदार्थ खरीदा था।
अधिकारी ने कहा, ‘‘उन्होंने उसे डिजिटल तरीके से 10,000 रुपये का भुगतान किया था और उससे मादक पदार्थ खरीदा था।’’
गुप्ता ने कहा कि जब पुलिस ने दोनों को पकड़ा, तो वे मादक पदार्थ का सेवन करने की तैयारी कर रहे थे। उन्होंने बताया कि उनका ‘डोप टेस्ट’ पॉजिटिव आया।
पुलिस के एक अन्य अधिकारी ने कहा कि कार की जांच के दौरान हरप्रीत सिंह के पास एक छोटी पॉलीथिन मिली जिसमें रखा मादक पदार्थ जब्त कर लिया गया।
अधिकारी ने कहा कि लवप्रीत सिंह के पास से दो लाइटर, एक सिल्वर फॉयल पेपर और मादक पदार्थ का सेवन करने के लिए एक पाइप बरामद किया गया।
उन्होंने कहा कि हरप्रीत सिंह की उम्र 30-35 साल के बीच है और वह "ट्रांसपोर्ट में डिस्पैचिंग का काम करता है।"
अधिकारी ने कहा कि वह और लवप्रीत सिंह दोनों अमृतसर के रहने वाले हैं।
इस बीच, अपने बेटे की गिरफ्तारी पर प्रतिक्रिया देते हुए हरप्रीत सिंह के पिता तरसेम सिंह ने आरोप लगाया कि यह "हमारे परिवार को बदनाम करने की एक बड़ी साजिश" है।
अमृतसर में तरसेम सिंह ने कहा, "हम मादक पदार्थ के खतरे के खिलाफ आवाज उठाते रहे हैं और यह हमारे परिवार को बदनाम करने की एक साजिश हो सकती है।"
उन्होंने दावा किया कि हरप्रीत सिंह बृहस्पतिवार दोपहर करीब एक बजे घर से निकला था और उस समय वह अकेला था। तरसेम सिंह ने कहा, "कुछ घंटे बाद जब हमने उससे संपर्क करने की कोशिश की तो उसका फोन बंद था। हमें नहीं पता कि वह जालंधर इलाके में कैसे पहुंचा।"
तरसेम सिंह ने कहा कि उन्हें सरकार या पुलिस से हरप्रीत सिंह की गिरफ्तारी के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली और मीडिया से ही इसकी जानकारी मिली।
हरप्रीत सिंह का भाई अमृतपाल सिंह वर्तमान में राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (रासुका) के तहत अपराधों के लिए असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद है। हाल ही में, अमृतपाल को लोकसभा सदस्य के रूप में शपथ लेने के लिए चार दिन की हिरासत पैरोल पर दिल्ली लाया गया था।
वर्ष 2024 का लोकसभा चुनाव निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में लड़ने वाले अमृतपाल सिंह ने खडूर साहिब सीट से कांग्रेस उम्मीदवार कुलबीर सिंह जीरा को हराकर जीत हासिल की थी।
अमृतपाल सिंह 'वारिस पंजाब दे' संगठन का प्रमुख है। वह अपने नौ साथियों के साथ रासुका के तहत जेल में है। उसे मोगा के रोडे गांव से गिरफ्तार किया गया था। वह और उसके समर्थक पिछले साल 23 फरवरी को अजनाला पुलिस थाने में घुस गए थे और बैरिकेड तोड़कर, तलवारें तथा बंदूकें लहराते हुए अपने एक सहयोगी को हिरासत से छुड़ाने के प्रयास में पुलिसकर्मियों से भिड़ गए थे।
भाषा अमित