कठुआ हमला: आतंकवादियों की तलाश के लिये अभियान तेज
प्रशांत माधव
- 09 Jul 2024, 06:35 PM
- Updated: 06:35 PM
(तस्वीरों के साथ)
कठुआ/जम्मू, नौ जुलाई (भाषा) जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में सेना के गश्ती दल पर घातक हमले के जिम्मेदार आतंकवादियों का पता लगाने और उन्हें खत्म करने के लिए मंगलवार को व्यापक तलाशी अभियान चलाया गया। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) आर.आर. स्वैन अभियान की निगरानी के लिए पहुंचे।
अधिकारियों ने बताया कि हमले में मारे गए पांचों सैनिकों के शव पोस्टमार्टम के बाद सेना को सौंप दिए गए हैं और अंतिम संस्कार के लिए उन्हें हवाई मार्ग से उनके घरों तक पहुंचाया गया है।
उन्होंने बताया कि अतिरिक्ति पुलिस महानिदेशक आनंद जैन के साथ डीजीपी स्वैन ने क्षेत्र का हवाई सर्वेक्षण किया और चल रहे अभियानों की समीक्षा की।
तलाश अभियान का दायरा बढ़ाकर उधमपुर और कठुआ के समीपवर्ती जिलों के बड़े क्षेत्रों को शामिल कर लिया गया है, जिनमें बसंतगढ़, सेओज (उधमपुर का एक ऊंचाई वाला क्षेत्र) और कठुआ जिले के बानी, डग्गर और किंडली के ऊपरी इलाके शामिल हैं।
अधिकारियों ने बताया कि भारतीय सेना की ‘पैरा’ इकाई के विशेष सुरक्षा कर्मियों को विशिष्ट क्षेत्रों में आतंकवादियों के खिलाफ लक्षित अभियान के लिए तैनात किया गया है।
जमीनी खोज टीमों को हेलीकॉप्टर और यूएवी निगरानी से सहायता मिल रही है। इसके अतिरिक्त, खोजी कुत्तों और मेटल डिटेक्टरों का उपयोग किया जा रहा है, विशेष रूप से क्षेत्र के घने जंगलों पर ध्यान केंद्रित किया जा रहा है।
अधिकारियों ने बताया कि सेना, पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के साथ मिलकर मछेड़ी, बदनोटे, किंडली और लोहाई मल्हार इलाकों में संयुक्त घेराबंदी और तलाशी अभियान चलाया गया, जिसमें एक महत्वपूर्ण क्षेत्र को घेर लिया गया।
जम्मू-कश्मीर के बिलावर स्थित उप जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम के बाद पांचों सैनिकों के शवों को हवाई मार्ग से ले जाया गया।
बिलावर के अतिरिक्त उपायुक्त विनय खोसला ने बताया कि शवों को सेना को सौंप दिया गया और बाद में उन्हें हवाई मार्ग से वहां से ले जाया गया।
अधिकारियों ने संकेत दिया कि वर्तमान में आतंकवादियों के तीन से चार समूह, जिनमें अधिकतर विदेशी आतंकवादी हैं, इस क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने कहा कि उन्होंने हाल के दिनों में कठुआ-उधमपुर-डोडा क्षेत्र और पुंछ-राजौरी-रियासी क्षेत्र में विदेशी आतंकवादियों की मौजूदगी में वृद्धि देखी है।
सोमवार को मछेड़ी में भारी हथियारों से लैस आतंकवादियों द्वारा किये गए एक हमले में पांच जवान शहीद हो गए थे और इतनी ही संख्या में सैनिक घायल हुए थे।
भाषा प्रशांत