शिवसेना (यूबीटी) ने विधान परिषद चुनाव में उद्धव के सहयोगी मिलिंद नार्वेकर को मैदान में उतारा
नोमान दिलीप
- 02 Jul 2024, 09:43 PM
- Updated: 09:43 PM
मुंबई, दो जुलाई (भाषा) महाराष्ट्र विधान परिषद की 11 सीट के लिए 12 जुलाई को होने वाले द्विवार्षिक चुनाव के लिए मतदान हो सकता है।
दरअसल, शिवसेना (यूबीटी) ने पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे के करीबी सहयोगी मिलिंद नार्वेकर को मंगलवार को मैदान में उतारा है, जिससे चुनावी रण में उम्मीदवारों की संख्या 12 हो गई।
अगर 12 उम्मीदवारों में से किसी ने भी नामांकन वापस लेने की अंतिम तिथि पांच जुलाई तक अपना पर्चा वापस नहीं लिया, तो उच्च सदन के लिए 12 जुलाई को मतदान होगा।
विधान परिषद के इस चुनाव में विधानसभा के सदस्य मतदान करेंगे। महाराष्ट्र विधानसभा में फिलहाल 274 सदस्य हैं और 14 रिक्तियां हैं। एक उम्मीदवार को जीतने के लिए 23 वोट की जरूरत है।
सभी उम्मीदवारों - सत्तारूढ़ महायुति के नौ और विपक्षी महा विकास आघाडी (एमवीए) के तीन प्रत्याशियों - ने मंगलवार को अपने नामांकन पत्र दाखिल किए।
ठाकरे ने विश्वास व्यक्त किया कि एमवीए के सभी तीन उम्मीदवार विजयी होंगे। एमवीए में शिवसेना (यूबीटी), कांग्रेस, राकांपा(शरदचंद्र पवार) और कुछ छोटे दल शामिल हैं।
जब पूछा गया कि विपक्षी गठबंधन के पास अपने तीसरे उम्मीदवार को जिताने के लिए संख्याबल नहीं है, तो उन्होंने कहा, “अगर हमें जीत का भरोसा न होता, तो हम ऐसा (तीसरा उम्मीदवार खड़ा करना) नहीं करते।"
एमवीए के पास संख्याबल नहीं है, लेकिन वह उपमुख्यमंत्री अजित पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) और मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की शिवसेना के कुछ विधायकों पर भरोसा कर रही है, जो उनके पक्ष में मतदान कर सकते हैं। यह दोनों दल महायुति के घटक हैं।
ठाकरे ने कहा, "हम ही लड़ने वाले हैं। उन्हें (सत्तारूढ़ गठबंधन दलों को) अपने खेमे में फूट का डर सता रहा है।"
राज्य विधानसभा में भाजपा के 103 सदस्य हैं। इसके बाद अजित पवार के नेतृत्व वाली राकांपा के 40 और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के 38 विधायक हैं। कांग्रेस के 37 विधायक हैं, शिवसेना (यूबीटी) के 15 और शरद पवार के नेतृत्व वाली राकांपा के 10 विधायक हैं।
सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने पूर्व मंत्री पंकजा मुंडे, अमित गोरखे, सदाभाऊ खोत, योगेश तिलेकर को टिकट दिया है तथा परिणय फुके को दोबारा उम्मीदवार बनाया है।
मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने पूर्व सांसद कृपाल तुमाने और भावना गवली को मैदान में उतारा है, जबकि उपमुख्यमंत्री अजित पवार के नेतृत्व वाली राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) ने राजेश विटेकर और शिवाजीराव गर्जे पर भरोसा जताया है।
कांग्रेस ने प्रद्युम्न सातव को पुनः उम्मीदवार बनाया है तथा राकांपा (एसपी) वर्तमान एमएलसी तथा पीजेंट्स एंड वर्कर्स पार्टी (पीडब्ल्यूपी) के नेता जयंत पाटिल को समर्थन दे रही है।
भाषा नोमान