उप्र : फतेहपुर में चाय की दुकान पर जांच को लेकर विवाद, सपा प्रमुख ने दिया समर्थन
सं, आनन्द रवि कांत
- 19 Apr 2026, 06:00 PM
- Updated: 06:00 PM
कानपुर/लखनऊ, 19 अप्रैल (भाषा) उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में चाय की एक दुकान पर खाद्य सुरक्षा विभाग की जांच को लेकर विवाद खड़ा हो गया है।
दुकान के मालिक ने अधिकारियों पर उत्पीड़न का आरोप लगाया है और इसे समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रमुख अखिलेश यादव की हालिया यात्रा से जोड़ा है। जबकि प्रशासन ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। सपा प्रमुख ने मामले में कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों ने शेषमणि यादव द्वारा संचालित चाय की दुकान का निरीक्षण कर 15 अप्रैल को प्रयोगशाला जांच के लिए चाय पत्तियों के नमूने लिए। विभाग का कहना है कि यह कार्रवाई एक अप्रैल को 'एकीकृत शिकायत निवारण प्रणाली' (आईजीआरएस) पोर्टल पर दर्ज शिकायत के आधार पर की गई।
मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी राजेश दीक्षित ने बताया कि जांच के नतीजों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
उन्होंने कहा, "यदि नमूनों में तय मानकों का पालन नहीं पाया जाता है, तो दुकान के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।"
दुकान संचालक के अनुसार जांच के दौरान अधिकारियों ने चाय बनाने में एल्युमीनियम के बर्तनों के इस्तेमाल पर भी आपत्ति जताई। हालांकि, इस संबंध में अधिकारियों ने कोई टिप्पणी नहीं की। शेषमणि यादव का आरोप है कि सपा प्रमुख की यात्रा के बाद से ही उन पर दबाव बनाया जा रहा है।
विवाद तब और बढ़ गया जब उनके बेटे आर्यन यादव ने सोशल मीडिया पर दावा किया कि लगातार जांच, धमकियों और उत्पीड़न के चलते उनका परिवार कारोबार बंद करने को मजबूर हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ अज्ञात लोगों ने उन पर हमला भी किया और शिकायत के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
वहीं, खागा के पुलिस क्षेत्राधिकारी (सीओ) दुर्गेश दीप ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि शेषमणि यादव ने उनसे मुलाकात के दौरान ऐसी कोई शिकायत नहीं की थी। प्रशासन का कहना है कि यह पूरी कार्रवाई नियमित प्रक्रिया के तहत दर्ज शिकायत के आधार पर की गई।
इस बीच, लखनऊ स्थित सपा मुख्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में अखिलेश यादव ने पीड़ित परिवार को समर्थन देते हुए आर्यन यादव को पीतल के बर्तन भेंट किए।
अखिलेश यादव ने कहा, "इस नौजवान को न्याय मिलेगा और घटना के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।"
प्रशासनिक कार्रवाई की आलोचना करते हुए सपा प्रमुख ने कहा कि एल्युमीनियम के बर्तनों के इस्तेमाल को आधार बनाकर दुकान सील करना उचित नहीं है, क्योंकि आम तौर पर घरों और दुकानों में ऐसे बर्तनों का उपयोग होता है। उन्होंने कहा कि जनता इस तरह की व्यवस्था का जवाब देगी।
भाषा
सं, आनन्द रवि कांत
1904 1800 कानपुर/लखनऊ