तेलंगाना सरकार ने 2026-27 के लिए 3.24 लाख करोड़ रुपये का बजट किया पेश
रमण
- 20 Mar 2026, 05:19 PM
- Updated: 05:19 PM
हैदराबाद, 20 मार्च (भाषा) तेलंगाना सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 3.24 लाख करोड़ रुपये का बजट शुक्रवार को पेश किया। यह मौजूदा वित्त वर्ष 2025-26 की तुलना में करीब 20,000 करोड़ रुपये अधिक है।
इसमें मूसी नदी तट के सौंदर्यीकरण और हैदराबाद मेट्रो रेल के दूसरे व तीसरे चरण जैसे प्रमुख कार्यक्रमों के साथ-साथ चुनावी वादों को पूरा करने पर जोर दिया गया है।
विधानसभा में बजट पेश करते हुए उप मुख्यमंत्री मल्लु भट्टी विक्रमार्क ने कांग्रेस सरकार के छह चुनावी वादों के लिए 50,713 करोड़ रुपये आवंटित किए। इसमें किसानों के लिए 'रायथु भरोसा' निवेश समर्थन योजना (18,000 करोड़ रुपये) भी शामिल है।
उन्होंने कई नई योजनाओं की भी घोषणा की जिनमें राज्य के सभी 1.15 करोड़ परिवारों के लिए 4,000 करोड़ रुपये के परिव्यय से पांच लाख रुपये का जीवन बीमा कवर और 100 करोड़ रुपये के प्रस्तावित व्यय के साथ इंटरमीडिएट (11वीं व 12वीं कक्षा) के छात्रों के लिए मध्याह्न भोजन योजना शामिल है।
वित्त मंत्रालय का भी प्रभार संभाल रहे विक्रमार्क ने कहा कि राजस्व व्यय के लिए 2,34,406 करोड़ रुपये और पूंजीगत व्यय के लिए 47,267 करोड़ रुपये का प्रस्ताव किया गया है।
सरकार ने कृषि क्षेत्र के लिए 23,179 करोड़ रुपये और ऊर्जा क्षेत्र के लिए 21,285 करोड़ रुपये आवंटित किए हैं।
मंत्री ने नगर प्रशासन एवं शहरी विकास विभाग के लिए 17,907 करोड़ रुपये और चिकित्सकीय एवं स्वास्थ्य विभाग के लिए 13,679 करोड़ रुपये का प्रस्ताव रखा।
'चेयुथा' सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत, पात्र लाभार्थियों को दो लाख नई पेंशन स्वीकृत की जाएंगी और इसके लिए 14,861 करोड़ रुपये अलग रखे गए हैं।
बजट में चुनिंदा सरकारी स्कूल को आधुनिक बुनियादी ढांचे, प्रशिक्षित शिक्षकों और डिजिटल सुविधाओं से लैस तेलंगाना पब्लिक स्कूल में तब्दील करने का प्रस्ताव है। इस पहल के लिए 500 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। प्रत्येक स्कूल में करीब 1,500 छात्रों को नर्सरी (प्री-प्राइमरी) से लेकर कक्षा 12 तक की शिक्षा प्रदान की जाएगी।
अन्य पहलों के अलावा, बजट में कर्मचारियों, पेंशनधारकों एवं उनके आश्रित परिवार के सदस्यों के लिए एक नकदी रहित स्वास्थ्य सुरक्षा योजना की घोषणा की गई, जिससे लगभग 23.51 लाख लोग लाभान्वित होंगे।
कर्मचारी सुरक्षा के लिए एक व्यापक दुर्घटना बीमा योजना की भी घोषणा की गई। इस योजना के तहत, आकस्मिक मृत्यु होने पर 1.2 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाएगा और 60 वर्ष की आयु तक 10 लाख रुपये का सावधि जीवन बीमा 'कवरेज' उपलब्ध होगा। हवाई दुर्घटना में मृत्यु होने पर अतिरिक्त दो करोड़ रुपये का 'कवरेज' प्रदान किया जाएगा।
इस योजना के अंतर्गत 75 लाख सरकारी कर्मचारी और पेंशनभोगी शामिल होंगे। स्वास्थ्य एवं बीमा योजनाओं के लिए कुल 1056 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया गया है।
युवाओं के लिए अंतरराष्ट्रीय रोजगार के अवसर उत्पन्न करने के उद्देश्य से सरकार 1,056 करोड़ रुपये के बजट आवंटन के साथ 'मुख्यमंत्री विदेश रोजगार कार्यक्रम' शुरू करेगी। इस पहल के तहत विभिन्न क्षेत्रों में कौशल प्रशिक्षण, विदेशी भाषा में प्रशिक्षण, वीजा मार्गदर्शन और अन्य सुविधाएं प्रदान की जाएंगी।
उन्होंने कहा, '' यह बजट तेलंगाना के लोगों की आशाओं एवं आकांक्षाओं को पूरा करने का संकल्प पत्र है। हमने इसे राज्य के समग्र विकास को ध्यान में रखते हुए तैयार किया है...।''
अन्य प्रमुख आवंटनों में पंचायत राज एवं ग्रामीण विकास (33,688 करोड़ रुपये), सिंचाई (22,615 करोड़ रुपये), अनुसूचित जाति कल्याण (11,784 करोड़ रुपये) और अनुसूचित जनजाति कल्याण (7,937 करोड़ रुपये) शामिल हैं।
राज्य सरकार ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 58,458.71 करोड़ रुपये के राजकोषीय घाटे और 6,857.76 करोड़ रुपये के राजस्व अधिशेष का अनुमान लगाया है।
कांग्रेस सरकार द्वारा बाजार से 73,383.60 करोड़ रुपये जुटाने की उम्मीद है। वित्त वर्ष 2026-27 के लिए कुल राजस्व प्राप्ति 2,41,263.58 करोड़ रुपये रहने का अलुमान है। एफआरबीएम के तहत कुल सार्वजनिक ऋण 5.62 लाख करोड़ रुपये है जो सकल घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) का 29 प्रतिशत है।
वित्त वर्ष 2025-26 में मौजूदा कीमतों पर तेलंगाना का सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) 17,82,198 करोड़ रुपये रहा, जो गत वित्त वर्ष की तुलना में 10.7 प्रतिशत की वृद्धि है।
मंत्री ने कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 में मौजूदा कीमतों पर राज्य की प्रति व्यक्ति आय 4,18,931 रुपये रही, जिसमें 10.2 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।
विपक्षी दल भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने आरोप लगाया कि बजट जनता की अपेक्षाओं पर खरा नहीं उतरा।
विधानसभा परिसर में विरोध प्रदर्शन कर रहे बीआरएस सदस्यों ने आरोप लगाया कि सरकार ने दो लाख नौकरियां और एक तोला सोना (11 ग्राम से अधिक) देने के वादे को पूरा न करके जनता को धोखा दिया है।
भाषा निहारिका रमण
रमण
2003 1719 हैदराबाद