प्रधानमंत्री मोदी ने कजाकिस्तान के राष्ट्रपति से बात की
ब्रजेन्द्र पवनेश
- 25 Jun 2024, 08:54 PM
- Updated: 08:54 PM
नयी दिल्ली, 25 जून (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को कजाकिस्तान के राष्ट्रपति कासिम-जोमार्ट तोकायेव के साथ बातचीत की और दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए मिलकर काम करना जारी रखने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) ने एक बयान में यह जानकारी दी।
पीएमओ के मुताबिक तोकायेव ने मोदी से फोन पर बातचीत की और दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र में चुनावी प्रक्रिया के सफल संचालन और लगातार तीसरे कार्यकाल के लिए उनके फिर से चुने जाने पर हार्दिक बधाई दी।
बयान में कहा गया, ‘‘प्रधानमंत्री ने उन्हें हार्दिक बधाई के लिए धन्यवाद दिया। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने के लिए मिलकर काम करना जारी रखने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।’’
पीएमओ के मुताबिक प्रधानमंत्री ने अस्ताना में आगामी शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन की सफलता के लिए भारत के पूर्ण समर्थन से अवगत कराया और विश्वास व्यक्त किया कि कजाकिस्तान का नेतृत्व क्षेत्रीय सहयोग को आगे बढ़ाने में काफी योगदान देगा।
बयान के मुताबिक दोनों नेताओं ने संपर्क में रहने पर सहमति व्यक्त की।
प्रधानमंत्री मोदी ने 'एक्स' पर पोस्ट कर कहा, ''कजाकिस्तान के राष्ट्रपति कासिम-जोमार्ट तोकायेव के साथ अच्छी बातचीत हुई। चुनाव में सफलता की हार्दिक शुभकामनाओं के लिए उन्हें धन्यवाद दिया। कजाकिस्तान के साथ हमारी रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता दोहराई।"
उन्होंने कहा, ''आगामी एससीओ शिखर सम्मेलन की सफलता के लिए भारत के पूर्ण समर्थन से अवगत कराया।"
शिखर सम्मेलन में मोदी के भाग लेने के बारे में अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है, लेकिन राजनयिक सूत्रों ने कहा कि वह इसमें शिरकत नहीं कर रहे हैं। विदेश मंत्री एस जयशंकर के भारत का प्रतिनिधित्व करने की संभावना है।
एससीओ में भारत, चीन, रूस, पाकिस्तान, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान शामिल हैं और यह एक प्रभावशाली आर्थिक और सुरक्षा समूह है। यह सबसे बड़े अंतरक्षेत्रीय अंतरराष्ट्रीय संगठनों में से एक के रूप में उभरा है।
कजाकिस्तान समूह के वर्तमान अध्यक्ष के रूप में शिखर सम्मेलन की मेजबानी कर रहा है।
भारत ने पिछले साल एससीओ की अध्यक्षता की थी। पिछले साल जुलाई में वर्चुअल प्रारूप में एससीओ शिखर सम्मेलन हुआ था जिसकी भारत ने मेजबानी की थी।
भाषा ब्रजेन्द्र