पंजाब के किसानों ने बिजली (संशोधन) विधेयक को वापस लेने की मांग को लेकर ट्रैक्टर मार्च निकाला
नरेश
- 26 Jan 2026, 07:43 PM
- Updated: 07:43 PM
होशियारपुर/मोगा, 26 जनवरी (भाषा) पंजाब के विभिन्न स्थानों पर संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) के बैनर तले किसानों ने बिजली (संशोधन) विधेयक, 2025 को वापस लेने समेत अन्य मांगों को लेकर सोमवार को ट्रैक्टर मार्च निकाला।
एसकेएम ने गणतंत्र दिवस के मौके पर ट्रैक्टर मार्च का आह्वान किया और ठीक इसी दिन 2021 में भी निरस्त तीन कृषि कानूनों के विरोध में हजारों किसानों ने नयी दिल्ली में लाल किले पर धावा बोल दिया था जिनमें से कई ने अवरोधक तोड़ दिए थे और पुलिस के साथ उनकी झड़प हुई थी।
विद्युत (संशोधन) विधेयक 2025, बीज विधेयक 2025 को वापस लेने, श्रम संहिता को निरस्त करने, महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) को बहाल करने और फसलों पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की कानूनी गारंटी की मांग को लेकर सोमवार का यह प्रदर्शन आयोजित किया गया था।
होशियारपुर में दोआबा किसान समिति के सदस्यों ने मुकेरियां में ट्रैक्टर मार्च निकाला। यह मार्च भंगाला स्थित अनाज मंडी से शुरू हुआ और भंगाला चुंगी, माता रानी चौक, चीनी मिल और एसडीएम कार्यालय से होते हुए शुरुआती स्थान पर लौटा।
इस मार्च का नेतृत्व समिति की मुकेरियन इकाई के अध्यक्ष अवतार सिंह बॉबी ने किया।
होशियारपुर के दसूया में ट्रैक्टरों पर सवार किसान वेरका चौक, एसडीएम चौक, अनाज मंडी, चुंगी चौक और बालागन चौक से होते हुए मियानी रोड पर बसरा अस्पताल के पास पहुंचे, जबकि गढ़दीवाला में किसान बस स्टैंड और सरहाला मोड़ से होते हुए बहगा गांव स्थित गुरु आसरा घर तक गए।
टांडा में दोआबा किसान समिति के अध्यक्ष जंगवीर सिंह चौहान के नेतृत्व में 60 से अधिक ट्रैक्टरों पर सवार किसान जुलूस में शामिल हुए।
टांडा-उर्मुर में किसानों को संबोधित करते हुए चौहान और समिति के महासचिव पृथ्वीपाल सिंह गुरैय ने केंद्र सरकार के 'किसान विरोधी' फैसलों की कड़ी आलोचना की और उस पर सहकारी संस्थाओं के निजीकरण को बढ़ावा देने का आरोप लगाया।
उन्होंने उर्वरकों की अत्यधिक कीमत वसूलने के खिलाफ भी चेतावनी दी और आरोपी डीलर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की।
मोगा के धर्मकोट क्षेत्र में एक मार्च निकाला गया, जिसमें भारती किसान यूनियन (टोटेवाल) से सुख गिल, हिंद किसान सभा से सूरत सिंह, बीकेयू (राजेवाल) से सुखविंदर सिंह बहरामके और बीकेयू (पंजाब) से मनदीप सिंह ने भाग लिया।
भाषा यासिर नरेश
नरेश
2601 1943 होशियारपुर