शाह की रैली में पैसे देकर बुलाई गई महिलाओं से बात करने पर पत्रकार को पीटा गया: कांग्रेस
सिम्मी अविनाश
- 13 May 2024, 12:13 AM
- Updated: 12:13 AM
नयी दिल्ली/रायबरेली, 12 मई (भाषा) कांग्रेस ने रविवार को आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश के रायबरेली में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की रैली में एक पत्रकार को उन महिलाओं से बात करने पर पीटा गया जिन्होंने बताया था कि कार्यक्रम में शामिल होने के लिए उन्हें पैसे दिए गए थे।
कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘रायबरेली में गृहमंत्री जी की सभा में भाजपा के लोगों द्वारा ‘मोलिटिक्स’ के पत्रकार राघव त्रिवेदी को बेरहमी से पीटा गया। गृहमंत्री जी भाषण देते रहे और पुलिस मूकदर्शक बनी देखती रही।”
कांग्रेस नेता ने कहा, “पत्रकार को सिर्फ इसलिए पीटा गया क्योंकि उन्होंने कुछ महिलाओं से बात की थी जो कह रही थीं कि सभा में आने के लिए उन्हें पैसे दिए गए।’’
उन्होंने इसी पोस्ट में कहा, ''पूरे देश के मीडिया का मुंह बंद कर देने वाली भाजपा को यह बर्दाश्त नहीं है कि उनके खिलाफ कहीं कोई आवाज उठे। संविधान खत्म करने का अभियान चला रही भाजपा इस देश से लोकतंत्र को खत्म कर जनता की आवाज छीन लेना चाहती है।''
प्रियंका ने अपनी पोस्ट के साथ एक वीडियो भी साझा किया है जिसमें एक व्यक्ति किसी अस्पताल के स्ट्रेचर पर पड़ा दिख रहा है।
कांग्रेस के पूर्व प्रमुख राहुल गांधी ने कहा कि उनकी पार्टी ‘‘शाह की रैली में पीटे गए बहादुर पत्रकार’’ के साथ खड़ी है।
उन्होंने ‘एक्स’ पर लिखा, ‘‘आज देश में दो तरह की मीडिया है - एक वह, जिसकी पीठ ‘झूठ और नफरत’ फैलाने पर प्रधानमंत्री खुद थपथपाते हैं। दूसरा वह, जो ‘सच की आवाज’ उठाने की कीमत अपनी जान जोखिम में डाल कर चुका रहा है।’’
गांधी ने कहा, ‘‘देश के गृहमंत्री की सभा में बस अपना काम कर रहे एक जुझारू पत्रकार के साथ पुलिस के संरक्षण में ऐसी गुंडागर्दी बताती है कि (प्रधानमंत्री) नरेन्द्र मोदी के राज में प्रेस की स्वतंत्रता के मामले में भारत 159वें स्थान पर क्यों है। हम सब इस बहादुर युवा के साथ खड़े हैं।’’
शाह रायबरेली से भाजपा उम्मीदवार दिनेश प्रताप सिंह के समर्थन में आयोजित एक रैली में शामिल हुए थे। लोकसभा चुनाव में सिंह का मुकाबला राहुल गांधी से है।
छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल घायल पत्रकार से मिलने अस्पताल पहुंचे।
इस मामले में सदर कोतवाली में अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
सदर थाने के प्रभारी राजेश सिंह ने बताया कि इस संबंध में पत्रकार त्रिवेदी के सहयोगी संजीत साहनी की शिकायत पर पांच-छह अज्ञात लोगों के खिलाफ भारतीय दंड विधान की धारा 147 (दंगा), 323 (जानबूझकर चोट पहुंचाना) और 504 (शांति भंग करने के इरादे से जानबूझकर अपमान करना) के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है तथा मामले की जांच की जा रही है।
साहनी ने अपनी तहरीर में कहा है कि वह पत्रकार साथी राघव त्रिवेदी के साथ गृह मंत्री अमित शाह की रैली कवर करने के लिये दिल्ली से आये थे। तहरीर के मुताबिक, रैली खत्म होने के बाद त्रिवेदी वहां मौजूद लोगों से बात कर रहे थे, तभी कुछ लोगों ने इसका विरोध करते हुए उनके साथ मारपीट की।
बघेल अस्पताल पहुंचे और पत्रकार का हाल जाना। उन्होंने आरोप लगाया कि पत्रकार त्रिवेदी रैली में आयी कुछ महिलाओं से बात कर रहे थे।
बघेल का कहना है कि यह बात सुनकर भाजपा के कुछ स्थानीय नेताओं ने पत्रकार राघव त्रिवेदी का फोन छीनने की कोशिश की और उन्हें मारा पीटा।
बघेल ने कहा, ‘‘राघव (त्रिवेदी) कह रहे हैं कि उन्होंने दाढ़ी रखी है इसलिए शायद लोगों ने उन्हें दूसरे धर्म का समझकर पीटा।’’
उन्होंने आरोप लगाया कि पत्रकार को पीटे जाने के दौरान पुलिसकर्मी भी वहां मौजूद थे लेकिन उन्हें किसी ने नहीं बचाया।
भाषा सलीम
सिम्मी