हिंदी दिवस पर योगी आदित्यनाथ समेत कई नेताओं ने प्रदेशवासियों को बधाई दी
आनन्द नोमान
- 14 Sep 2025, 07:52 PM
- Updated: 07:52 PM
लखनऊ, 14 सितंबर (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य समेत कई नेताओं ने रविवार को हिंदी दिवस पर प्रदेश वासियों को बधाई दी।
आदित्यनाथ ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा “ प्रदेश वासियों को हिंदी दिवस की हार्दिक बधाई! हिंदी हमारी एकता का आधार और अस्मिता की प्रहरी है। समस्त भारतीयों को एक सूत्र में पिरोती हमारी परंपराओं की संवाहिका हिंदी हमें हमारी जड़ों से जोड़ती है।”
उन्होंने कहा, “हिंदी के अधिकाधिक उपयोग व वैश्विक प्रसार का संकल्प लें, इसके विकास में भागीदार बनें और इसे डिजिटल युग की सबसे प्रभावी भाषा बनाएं।”
मौर्य ने ‘एक्स’ पर सुमित्रानंदन पंत के कथन “हिंदी हमारे राष्ट्र की अभिव्यक्ति का सरलतम स्रोत है” को साझा करते हुए कहा, “देश की विविधता, संस्कृति, सभ्यता और संस्कारों को एक सूत्र में पिरोने वाली हमारी राजभाषा हिंदी दिवस पर समस्त देश व प्रदेश वासियों की हार्दिक शुभकामनाएं! हिंदी दिवस का यह पर्व हमें अपनी मातृभाषा के सम्मान और उसके वैश्विक प्रसार का संकल्प लेने की प्रेरणा देता है।”
उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने ‘एक्स’ पर अपने संदेश में कहा कि देश को एकता के सूत्र में बांधने वाली हिंदी सिर्फ एक भाषा नहीं बल्कि भावों की अभिव्यक्ति है।
पाठक ने कहा “देश की विविधता, संस्कृति, सभ्यता और संस्कारों को एक सूत्र में पिरोने वाली हमारी राजभाषा हिंदी दिवस पर समस्त देश व प्रदेशवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं।”
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी ने लिखा, “आप सभी प्रदेशवासियों को ‘हिंदी दिवस’ की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। हिंदी न केवल एक भाषा है बल्कि यह हमारी संस्कृति, सभ्यता और एकता की प्रतीक भी है।”
चौधरी ने कहा, “हिंदी दिवस के अवसर पर हम सब मिलकर हिंदी को नयी बुलंदियों तक पहुंचाने का अटल संकल्प लें।”
राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सहयोगी अपना दल (एस) की राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय स्वास्थ्य राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने ‘एक्स’ पर हिंदी दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए एक पोस्ट में कहा “हिंदी केवल हमारी भाषा ही नहीं, बल्कि हमारी संस्कृति, पहचान और एकता की आत्मा है।”
उन्होंने कहा “आइए, हम सब मिलकर हिंदी को गौरव और गर्व के साथ जीवन के हर क्षेत्र में अपनाएं।”
भाषा आनन्द