आदित्यनाथ ने कांग्रेस पर हिंदुओं की निंदा करने का आरोप लगाया, सुशील कुमार शिंदे पर साधा निशाना
संतोष माधव
- 01 May 2024, 10:04 PM
- Updated: 10:04 PM
सोलापुर (महाराष्ट्र), एक मई (भाषा) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को कांग्रेस पर ‘हिंदू आतंकवाद’ वाक्यांश गढ़ने का आरोप लगाया और परोक्ष रूप से इसके वरिष्ठ नेता सुशील कुमार शिंदे पर निशाना साधा जो संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन सरकार के समय में केंद्रीय गृह मंत्री थे।
सोलापुर लोकसभा क्षेत्र से भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के उम्मीदवार राम सतपुते के समर्थन में यहां एक रैली में आदित्यनाथ ने भारत के वैश्विक कद को बढ़ाने और देश की सीमाओं पर सुरक्षा बढ़ाने का श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को दिया।
कांग्रेस ने दक्षिण महाराष्ट्र की इस सीट से सुशील कुमार शिंदे की बेटी प्रणीति शिंदे को मैदान में उतारा है।
आदित्यनाथ ने कांग्रेस नेता सुशील कुमार शिंदे का नाम लिए बिना कहा, ‘‘ये वही कांग्रेस के लोग हैं जो भगवान राम के अस्तित्व पर संदेह करते थे, ये वही लोग हैं जिन्होंने हिंदुओं की निंदा करने के लिए ‘हिंदू आतंकवाद’ नामक वाक्यांश गढ़ा था... संप्रग शासन के दौरान उन्होंने यह वाक्यांश गढ़ा था। और याद करें कि तब केंद्रीय गृह मंत्री कौन था और आज उनके परिवार का सदस्य यहां चुनाव लड़ रहा है।’’
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने यह भी दावा किया कि संप्रग शासन के दौरान मालेगांव विस्फोट मामले में उनका नाम घसीटने की कोशिश की गई थी।
उन्होंने कहा कि क्या कांग्रेस अपने 65 साल के शासनकाल में भारत को विश्व शक्ति बना सकती थी।
आदित्यनाथ ने कहा, ‘‘यह देश को नक्सलवाद और आतंकवाद से मुक्त करा सकती थी, लेकिन यह कांग्रेस थी जो आतंकवाद का मूल कारण थी और यह कांग्रेस ही थी जिसने नक्सलवाद को (बढ़ने) दिया। यह कांग्रेस ही थी जिसने हमें गरीबी और भ्रष्टाचार दिया और राष्ट्रीय सुरक्षा को कमजोर किया।’’
उन्होंने दावा किया कि विपक्षी दल अब अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य पिछड़ा वर्ग के आरक्षण को लूटने की योजना बना रहा है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस के नेतृत्व वाली संप्रग सरकार ने न्यायमूर्ति रंगनाथ मिश्रा की अध्यक्षता में एक समिति गठित की जिसने अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के 27 प्रतिशत कोटे में से मुसलमानों को छह प्रतिशत आरक्षण देने की सिफारिश की।
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस सरकार ने सच्चर समिति बनाकर मुसलमानों को एससी और एसटी श्रेणियों में डालने की कोशिश की, लेकिन भाजपा के विरोध के कारण यह योजना सफल नहीं हो सकी।
आदित्यनाथ ने पार्टी को देश के विकास में एक बाधा करार देते हुए कहा, ‘‘आज कांग्रेस एससी, एसटी और ओबीसी के आरक्षण को तोड़ने की साजिश कर रही है। कांग्रेस के नेतृत्व वाला महागठबंधन वास्तव में देश की ‘महासमस्या’ है।’’
जाति-आधारित जनगणना की कांग्रेस की मांग का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इस तरह का सर्वेक्षण कराए जाने के बाद यह हिंदू समुदायों को एक-दूसरे के खिलाफ खड़ा कर देगा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस फिर मुसलमानों को कोटा देगी जिससे ‘भारत के इस्लामीकरण की रूपरेखा तैयार’ हो जाएगी।’’
भाषा संतोष