प्रधानमंत्री की बात आती है तो निर्वाचन आयोग ‘अत्यधिक सावधान’ हो जाता है: कांग्रेस
हक सुरेश
- 25 Apr 2024, 04:26 PM
- Updated: 04:26 PM
नयी दिल्ली, 25 अप्रैल (भाषा) कांग्रेस ने चुनाव प्रचार के दौरान आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के खिलाफ शिकायत का निर्वाचन आयोग द्वारा ‘कुछ देरी’ से संज्ञान लिये जाने के परिप्रेक्ष्य में बृहस्पतिवार को कटाक्ष किया कि जब प्रधानमंत्री की बात आती है तो आयोग ‘अत्यधिक सावधान’ हो जाता है।
आयोग ने मोदी और कांग्रेस नेता राहुल गांधी की कुछ टिप्पणियों को लेकर निर्वाचन आयोग द्वारा क्रमश: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और कांग्रेस से जवाब तलब किये हैं।
कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि प्रधानमंत्री के खिलाफ की गई शिकायत पर आयोग की ओर से कदम उठाने में कुछ देरी हुई है।
प्रधानमंत्री के खिलाफ आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन के आरोपों का पहली बार संज्ञान लेते हुए निर्वाचन आयोग ने बृहस्पतिवार को बताया कि उसने विपक्षी दलों द्वारा दर्ज कराई गई शिकायतों पर भाजपा से जवाब मांगा है। शिकायत के अनुसार, मोदी पर राजस्थान के बांसवाड़ा में विभाजनकारी व मानहानिजनक भाषण देने का आरोप है।
आयोग ने कांग्रेस प्रमुख मल्लिकार्जुन खरगे और पार्टी के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी की टिप्पणियों को लेकर भाजपा द्वारा दर्ज करायी गयी शिकायत पर भी विपक्षी दल से जवाब तलब किया है।
रमेश ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘चुनाव आयोग से हमने शिकायत की थी। हम आयोग के संज्ञान में यह बात लाए कि जिस भाषा का इस्तेमाल प्रधानमंत्री कर रहे हैं वह आदर्श आचार संहिता, जन प्रतिनिधित्व अधिनियम की संबंधित धाराओं और उच्चतम न्याालय के कई निर्णयों के खिलाफ है।’’
उन्होंने कहा, ‘‘.... कुछ देरी हुई है। हमने और भी शिकायतें की हैं। जिस तरह से अलग-अलग उम्मीदवार धर्म का दुरुपयोग कर रहे हैं, उस बारे में हमने निर्वाचन आयोग को अवगत कराया है। हमें भरोसा है कि आयोग कार्रवाई करेगा।’’
उन्होंने कहा, ‘‘नरसिंह राव, अटल बिहारी वाजपेयी और मनमोहन सिंह के खिलाफ कोई नोटिस जारी नहीं हुआ था। हम उम्मीद करते हैं कि आयोग निष्पक्ष तरीके से शिकायतों पर ध्यान देगा। जहां नोटिस देना जरूरी है, आयोग वहां नोटिस भी दे।’’
यह पूछे जाने पर कि क्या निर्वाचन आयोग की तटस्थता सवालों के घेरे में है, रमेश ने कहा, ‘‘जब प्रधानमंत्री की बात आती है तो वे (निर्वाचन आयोग) ‘‘अत्यधिक सावधान’’ और गृहमंत्री की बात आती है तो ‘‘अधिक सावधान’’ हो जाते हैं।’’
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