मप्र: कांग्रेस विधायक ने विधानसभा में उठाए जाने वाले सवाल को लेकर धमकी देने का आरोप लगाया
दिमो रंजन ब्रजेन्द्र
- 07 Mar 2025, 06:52 PM
- Updated: 06:52 PM
ग्वालियर, सात मार्च (भाषा) मध्यप्रदेश में कांग्रेस के विधायक केशव देसाई ने शुक्रवार को दावा किया कि ग्वालियर के एक निजी अस्पताल के मालिक की ओर से उन्हें ‘धमकी भरा फोन’ आया, जिसमें उनसे विधानसभा में उठाए जाने वाले एक सवाल को वापस लेने, नहीं तो गंभीर परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
विधानसभा का बजट सत्र 10 मार्च से शुरू होने वाला है। भिंड जिले के गोहद (एससी-आरक्षित सीट) का प्रतिनिधित्व करने वाले देसाई ने अस्पताल के कामकाज से संबंधित एक सवाल को सूचीबद्ध करने के लिए प्रस्तुत किया है।
पहली बार विधायक बने देसाई ने कथित धमकी के बारे में संपर्क किए जाने पर ‘पीटीआई-भाषा’ से कहा, ‘‘मैंने अस्पताल के मालिक डॉ. अमित यादव के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए मुख्यमंत्री मोहन यादव को एक पत्र लिखा है।’’
हालांकि, अस्पताल के मालिक परिवार ने विधायक द्वारा लगाए गए आरोपों से साफ इनकार करते हुए कहा कि वह पूर्व कांग्रेस विधायक गोविंद सिंह के हाथों में खेल रहे हैं क्योंकि वह उनके (अस्पताल के मालिक के) ‘परिवार को बर्बाद करना चाहते हैं’।
पत्र में देसाई ने अपनी और अपने परिवार की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है।
उन्होंने बताया कि 26 फरवरी को अंकित यादव का फोन आया था और कॉल के दौरान, फोन करने वाले ने उनकी बात अपने भाई डॉ. अमित यादव से कराई। पत्र के मुताबिक अमित यादव ने सदन में उनके अस्पताल से संबंधित सवाल उठाने के बारे में बहस की।
पत्र में कहा गया कि डॉ. यादव ने उनसे सवाल वापस लेने को कहा लेकिन जब देसाई ने ऐसा करने से मना कर दिया, तो डॉ. यादव ने उन्हें गोहद के मशहूर माखन जाटव हत्याकांड की याद दिलाते हुए धमकाया।
उन्होंने बताया, ‘‘अगले दिन 27 फरवरी को अंकित ने मुझे फिर से फोन किया और मुझसे ग्वालियर के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) को पत्र लिखने पर जोर दिया कि उन्होंने विधानसभा में कोई सवाल नहीं उठाया है।’’
विधायक ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने फिर से मना किया, तो अंकित ने कहा कि वह अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं और उन्हें इसके परिणाम भुगतने होंगे।
देसाई ने बताया कि वह मुख्यमंत्री यादव और राज्य के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) से मिलने की योजना बना रहे हैं । उन्होंने कहा कि उन्होंने अपनी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को इस बारे में सूचित कर दिया है।
साल 2009 में गोहद विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस विधायक माखनलाल जाटव की एक राजनीतिक कार्यक्रम से लौटते समय हत्या कर दी गई थी।
फोन पर संपर्क करने पर अंकित यादव ने कहा कि वह देसाई को लंबे समय से जानते हैं और उनके बीच अच्छे संबंध हैं।
उन्होंने कहा, ‘‘न तो मैंने और न ही मेरे भाई डॉ. अमित यादव ने विधायक को धमकी दी। वह सिर्फ कांग्रेस के पूर्व विधायक गोविंद सिंह के हाथों में खेल रहे हैं, जो हमारे परिवार को बर्बाद करने पर आमादा हैं।’’
उन्होंने कहा, ‘‘अगर उनके पास हमारी बातचीत का कोई सबूत या रिकॉर्डिंग है, तो उन्हें इसे सामने लाना चाहिए और पुलिस को सौंपना चाहिए। मैंने विधायक को फोन किया, भोपाल में उनसे मुलाकात की और कुछ समय साथ बिताया, लेकिन न तो मैंने और न ही मेरे भाई ने उनके साथ कोई दुर्व्यवहार किया और न ही उन्हें धमकाया।’’
भाषा दिमो रंजन