उप्र : सपा ने फूलपुर समेत छह सीटों पर घोषित किये प्रत्याशी
सलीम मनीषा नरेश मनीषा
- 09 Oct 2024, 02:54 PM
- Updated: 02:54 PM
लखनऊ, नौ अक्टूबर (भाषा) समाजवादी पार्टी (सपा) ने उत्तर प्रदेश की 10 विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव के लिये छह सीटों पर बुधवार को अपने प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कर दिया।
इन सीटों पर साल के आखिर में उपचुनाव होने हैं, हालांकि इसके लिए तारीख की घोषणा अभी नहीं की गई है।
पार्टी ने सीसामऊ सीट पर निवर्तमान विधायक इरफान सोलंकी की पत्नी नसीम सोलंकी को टिकट दिया है। वहीं, मिल्कीपुर सीट पर फैजाबाद के सांसद अवधेश प्रसाद के बेटे अजीत प्रसाद को उम्मीदवार बनाया गया है।
सपा द्वारा अपने आधिकारिक 'एक्स' हैंडल पर पोस्ट की गयी सूची के मुताबिक, करहल सीट पर पूर्व सांसद तेज प्रताप यादव को उम्मीदवार बनाया गया है। वर्ष 2022 में यह सीट सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने जीती थी लेकिन इस साल हुए लोकसभा चुनाव में कन्नौज सीट से सांसद चुने जाने के चलते उन्होंने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया था। लिहाजा अब इस सीट पर उपचुनाव होगा।
इसके अलावा, सपा ने सीसामऊ सीट पर निवर्तमान विधायक इरफान सोलंकी की पत्नी नसीम सोलंकी को टिकट दिया है। एक आपराधिक मामले में सजा सुनाये जाने के कारण इरफान की सदस्यता खत्म किये जाने की वजह से यह सीट रिक्त हुई है।
अयोध्या की मिल्कीपुर सीट पर सपा ने फैजाबाद सीट से पार्टी सांसद अवधेश प्रसाद के बेटे अजीत प्रसाद को उम्मीदवार बनाया है। यह सीट अवधेश प्रसाद के सांसद बनने के बाद विधानसभा से इस्तीफा दिये जाने के कारण खाली हुई है।
सपा ने फूलपुर सीट से मुस्तफा सिद्दीकी, कटेहरी से शोभावती वर्मा और मझवां से डॉक्टर ज्योति बिंद को उम्मीदवार बनाया है। ज्योति बिंद पार्टी नेता रमेश बिंद की बेटी हैं जो इस साल लोकसभा चुनाव में मिर्जापुर संसदीय सीट से अपना दल (सोनेलाल) की उम्मीदवार अनुप्रिया पटेल से हार गए थे।
प्रदेश की 10 विधानसभा सीटों कटेहरी (अंबेडकर नगर), करहल (मैनपुरी), मिल्कीपुर (अयोध्या), मीरापुर (मुजफ्फरनगर), गाजियाबाद, मझवां (मिर्जापुर), सीसामऊ (कानपुर नगर), खैर (अलीगढ़), फूलपुर (प्रयागराज) और कुंदरकी (मुरादाबाद) पर उपचुनाव होने हैं। इनमें से नौ सीटें वर्ष 2022 में उन पर निर्वाचित हुए विधायकों के लोकसभा चुनाव में सांसद चुने जाने के बाद खाली हुई थीं। सीसामऊ सीट सपा विधायक इरफान सोलंकी को आपराधिक मामले में दोषी ठहराए जाने के कारण रिक्त हुई है।
विपक्षी गठबंधन ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंटल इन्क्लूसिव अलायंस’ (इंडिया) के प्रमुख घटक दल सपा ने कहा है कि वह गठबंधन की अपनी सहयोगी कांग्रेस पार्टी के साथ मिलकर उपचुनाव लड़ेगी। कांग्रेस उपचुनाव से गुजरने जा रही पांच सीटों पर दावेदारी कर रही है। हालांकि उसने हरियाणा विधानसभा चुनाव में सपा को एक भी सीट नहीं दी थी।
इससे पहले, रविवार को कांग्रेस की उत्तर प्रदेश इकाई के अध्यक्ष अजय राय ने 'पीटीआई—भाषा' को बताया था कि उनकी पार्टी ने राज्य में उपचुनाव वाली 10 विधानसभा सीटों में से पांच मझवा (मिर्जापुर), फूलपुर (इलाहाबाद), गाजियाबाद, खैर (अलीगढ़) और मीरापुर (मुजफ्फरनगर) पर उम्मीदवार उतारने का प्रस्ताव अपने नेतृत्व को दिया है। ये वे सीटें हैं, जहां वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में भाजपा के उम्मीदवार जीते थे।
साल 2022 के विधानसभा चुनाव में सीसामऊ, कटेहरी, करहल, मिल्कीपुर और कुंदरकी सीटों पर सपा ने कब्जा किया था जबकि फूलपुर, गाजियाबाद, मझवां और खैर में भाजपा ने जीत दर्ज की थी। मीरापुर सीट पर राष्ट्रीय लोक दल ने जीत दर्ज की थी, जो उस समय सपा की सहयोगी थी।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने बुधवार को कहा कि कांग्रेस के साथ सीटों के बंटवारे का फैसला सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ही करेंगे।
इस बीच, हरियाणा चुनाव के नतीजों से उत्साहित भाजपा ने उपचुनाव के लिए सपा उम्मीदवारों की घोषणा पर कटाक्ष किया।
भाजपा प्रवक्ता राकेश त्रिपाठी ने कहा कि सपा-कांग्रेस गठबंधन 'अव्यवस्था' की स्थिति में है। उन्होंने दावा किया, ''सपा की सूची हरियाणा चुनाव के नतीजों का असर है, सपा ने कांग्रेस के दावे वाली सीटों पर उम्मीदवार घोषित कर कांग्रेस को उसकी हैसियत बता दी है। हरियाणा के नतीजों ने भाजपा कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाया है और उपचुनाव में भाजपा गठबंधन सभी सीटें जीतेगा।''
भाषा सलीम मनीषा नरेश