भाजपा कर्नाटक उपचुनाव में हार के डर से राज्य सरकार की आलोचना कर रही : सिद्धरमैया
धीरज
- 04 Apr 2026, 08:21 PM
- Updated: 08:21 PM
बागलकोट (कर्नाटक), चार अप्रैल (भाषा) कर्नाटक के मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने शनिवार को कहा कि कांग्रेस सरकार की भाजपा द्वारा की जा रही आलोचना नौ अप्रैल को होने वाले उपचुनावों से पहले ''हार के डर'' को दर्शाती है।
सिद्धरमैया ने बागलकोट में संवाददाताओं से बातचीत में विश्वास व्यक्त किया कि कांग्रेस उपचुनाव वाले दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में जीत हासिल करेगी क्योंकि पार्टी को उम्मीदों से कहीं अधिक समर्थन मिल रहा है।
दावणगेरे दक्षिण और बागलकोट निर्वाचन क्षेत्रों का प्रतिनिधित्व करने वाले कांग्रेस विधायकों शमनूर शिवशंकरप्पा और एच वाई मेती के निधन के कारण उपचुनाव कराना आवश्यक हो गया था।
सिद्धरमैया ने कहा, ''हमने सभी जातियों, धर्मों और भाषाओं के लोगों के लिए योजनाएं बनाई हैं। भाजपा हार के डर से गारंटी योजनाओं का विरोध कर रही है, लेकिन ये गारंटी एक निवेश है जो सामाजिक प्रतिबद्धता को पूरा करती है। यह भी विकास का ही एक हिस्सा है।''
राज्य सरकार की गारंटी योजनाओं में 'शक्ति', 'गृह लक्ष्मी', 'गृह ज्योति', 'युवा निधि' और 'अन्न भाग्य' शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास केवल भौतिक अवसंरचना तक सीमित नहीं है। उन्होंने कहा, ''विकास का अर्थ केवल सड़कें, पुल और इमारतें नहीं है। इसमें आर्थिक और सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना भी शामिल है।''
राज्य की वित्तीय स्थिति खराब होने के विपक्ष के दावों को खारिज करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कल्याणकारी उपायों का उनकी शुरुआत से ही विरोध किया है।
सिद्धरमैया ने कहा कि केंद्र की जीडीपी वृद्धि दर 7.14 प्रतिशत है जबकि कर्नाटक की 8.1 प्रतिशत है, और इस प्रकार राज्य ने केंद्र सरकार से बेहतर प्रदर्शन किया है।
सार्वजनिक ऋण की तुलना करते हुए उन्होंने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह के कार्यकाल तक देश पर कुल कर्ज 53.11 लाख करोड़ रुपये था, जो मार्च 2026 तक बढ़कर 218 लाख करोड़ रुपये हो गया है।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि पिछले 12 वर्षों में अकेले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 165 लाख करोड़ रुपये का कर्ज बढ़ाया है।
सिद्धरमैया ने भाजपा से कांग्रेस की आलोचना करने के बजाय अपनी उपलब्धियों को पेश करने का आह्वान किया।
भाषा शफीक धीरज
धीरज
0404 2021 बागलकोट