संघर्षग्रस्त ईरान में फंसे भारतीय छात्रों के माता-पिता चिंता और भय के साये में
माधव
- 03 Mar 2026, 05:44 PM
- Updated: 05:44 PM
(अहेली दास)
नयी दिल्ली, तीन मार्च (भाषा) ईरान में जारी संघर्ष के बीच वहां फंसे भारतीय छात्रों के माता-पिता एवं परिजन अपने बच्चों की सुरक्षा के बारे में नयी जानकारी प्राप्त करने के लिए बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं और हर नया दिन उनके लिए अधिक चिंता और भय लेकर आ रहा है।
पश्चिम एशिया में जैसे-जैसे स्थिति बिगड़ती जा रही है वहां फंसे छात्रों के माता-पिता भारत सरकार से अपने बच्चों को जल्द से जल्द स्वदेश वापस लाने की अपील कर रहे हैं।
श्रीनगर में रह रहे 30 वर्षीय अल्ताफ खान के लिए मंगलवार की शुरुआत अपने फोन को देखने और अपनी बहन की सुरक्षा के बारे में जानकारी हासिल करने के प्रयासों के साथ हुई।
खान ने कहा, "मेरी बहन सोबिया तेहरान में मेडिकल की प्रथम वर्ष की छात्रा है। कल हमारी उससे कुछ मिनटों के लिए बात हुई और उसकी आवाज में डर साफ झलक रहा था। उसने हमें बताया कि सायरन लगातार बज रहे हैं और उन्हें अपने परिसर के पास जोरदार धमाकों की आवाजें सुनाई दे रही हैं।"
उन्होंने बताया कि उनके माता-पिता न तो खा पा रहे हैं और न ही सो पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि लगातार बनी रहने वाली चिंता उनके परिवार के लिए बहुत कष्टदायक साबित हुई है।
खान ने भावुक होकर कहा, "मेरी बहन सिर्फ 19 साल की है। मैं कल्पना भी नहीं कर सकता कि वह क्या महसूस कर रही होगी, कितनी डरी हुई होगी।"
श्रीनगर में रहने वाली एक अन्य अभिभावक 44 वर्षीय अफरोजा (पहला नाम) ने कहा, "भारत सरकार से हमारा निवेदन है कि हमारे सभी बच्चों को सुरक्षित और तत्काल बाहर निकालें। सोमवार को बेटी से मेरी थोड़ी देर के लिए बात हुई और उसने बताया कि उनके पास खाने-पीने और अन्य आवश्यक वस्तुओं की कमी हो रही है। सुरक्षा संबंधी चिंताओं के बढ़ने के कारण परिसर से बाहर निकलना बहुत जोखिम भरा हो गया है।"
अफरोजा की बेटी तेहरान में मेडिकल की तीसरे वर्ष की छात्रा है। अफरोजा ने 'पीटीआई भाषा' को बताया, "अन्य सभी देशों ने अपने-अपने छात्रों को पहले ही निकाल लिया है। स्थिति इतनी बिगड़ गई है कि हम हर पल इस डर में जी रहे हैं कि कहीं हमें कोई बुरी खबर न मिल जाए। हम लगातार अपने फोन से चिपके रहते हैं, इस उम्मीद में कि हमें कोई जानकारी या तसल्ली मिल जाए।"
अफरोजा ने पुष्टि की कि वह मंगलवार दोपहर तक अपनी बेटी से संपर्क नहीं कर पाई थीं।
ऑल इंडिया मेडिकल स्टूडेंट्स एसोसिएशन (एआईएमएसए) के राष्ट्रीय प्रतिनिधि मोहम्मद मोमिन खान ने कहा, "एहतियाती व्यवस्थाओं के तहत तेहरान से स्थानांतरित किए गए भारतीय छात्र सुरक्षित रूप से क़ोम पहुंच गए हैं। सभी छात्रों की सुरक्षा और कुशल क्षेम को सुनिश्चित करने के लिए यह स्थानांतरण तेहरान स्थित भारतीय दूतावास के समन्वय से किया गया।"
इस बीच, अधिकारियों ने बताया कि ईरान-इजराइल संघर्ष के मद्देनजर केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने मंगलवार को मध्य पूर्व क्षेत्र में पांच और छह मार्च को होने वाली दसवीं और बारहवीं कक्षा की बोर्ड परीक्षाओं को स्थगित कर दिया है।
भाषा
शुभम माधव
माधव
0303 1744 दिल्ली