धोखाधड़ी मामले में अदालत से दोषी ठहराये गये महाराष्ट्र के मंत्री कोकाटे ने इस्तीफा दिया
यासिर देवेंद्र
- 18 Dec 2025, 11:41 PM
- Updated: 11:41 PM
मुंबई, 18 दिसंबर (भाषा) धोखाधड़ी और जालसाजी के मामले में दोषी ठहराते हुए दो साल की जेल की सजा को बरकरार रखने संबंधी अदालत के फैसले के बाद राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के मंत्री माणिकराव कोकाटे ने महाराष्ट्र मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया है।
वह इस साल इस्तीफा देने वाले राकांपा के दूसरे मंत्री हैं।
पार्टी अध्यक्ष और उपमुख्यमंत्री अजित पवार ने बृहस्पतिवार को बताया कि कोकाटे के त्यागपत्र को स्वीकार कर लिया गया है और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को भेज दिया गया है।
उपमुख्यमंत्री ने उल्लेख किया कि अदालत के फैसले के बाद कोकाटे का इस्तीफा आया है और उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी के लिए कानून सबसे ऊपर है।
पवार ने बताया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेतृत्व वाली ‘महायुति’ सरकार में कोकाटे के पास खेल एवं युवा कल्याण, अल्पसंख्यक विकास और औकाफ मंत्रालयों का प्रभार था।
नासिक जिला एवं सत्र न्यायालय ने मंगलवार को कोकाटे को 1995 के धोखाधड़ी और जालसाजी के एक मामले में प्रथम श्रेणी के न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वारा दी गई दो साल कारावास तथा 50 हजार रुपये के जुर्माने की सजा को बरकरार रखा।
कोकाटे के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी का मामला सरकारी आवास योजना से जुड़ा था।
अदालत ने राकांपा नेता की पहले के फैसले के खिलाफ अपील खारिज करने के बाद बुधवार को उनके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट भी जारी किया।
पवार ने कहा, ‘‘संवैधानिक प्रक्रिया के अनुसार, इस्तीफे को आगे की कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री को भेज दिया गया है।’’
कोकाटे ने नासिक अदालत के आदेश के खिलाफ मुंबई उच्च न्यायालय में याचिका दायर की है और उनकी याचिका पर सुनवाई शुक्रवार को होगी।
नासिक जिले के सिन्नर से विधायक को उनके सभी विभागों से बुधवार रात वंचित कर दिया गया और इन सभी जिम्मेदारियों को मुख्यमंत्री फडणवीस की सिफारिश पर राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने पवार को सौंप दिया।
कोकाटे, सत्तारूढ़ महायुति गठबंधन के घटक दल राकांपा से 2025 में इस्तीफा देने वाले दूसरे मंत्री बन गए हैं।
इससे पहले उनके सहयोगी धनंजय मुंडे ने मार्च में मंत्रिमंडल से इस्तीफा दे दिया था।
मुंडे के करीबी सहयोगी वाल्मिक कराड बीड जिले में एक सरपंच की हत्या में मुख्य आरोपी थे, इसी घटना के बाद उन्होंने इस्तीफा दे दिया था।
भाषा यासिर